नई दिल्ली: स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 की दो दिवसीय राष्ट्रीय समीक्षा बैठक के दूसरे दिन केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री तथा विद्युत मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि पुरानी कचरे की डंपसाइट्स का समयबद्ध निस्तारण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने जोर दिया कि मिशन को तेज गति से पूरा करने के लिए निरंतर मार्गदर्शन और सक्रिय हस्तक्षेप की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
शहर को स्वच्छ बनाने के लिए हर स्तर पर हो काम
मनोहर लाल ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि शहरी भारत को स्वच्छ और स्वस्थ बनाने के लिए सभी स्तरों पर सामूहिक प्रतिबद्धता, निर्णायक कार्रवाई और निरंतर जवाबदेही जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि लीगेसी वेस्ट को हटाने की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाए। ताकि शहरों में प्रदूषण कम हो और लोगों को स्वच्छ वातावरण मिल सके। केंद्रीय मंत्री ने स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 को देश के शहरी विकास की महत्वाकांक्षी योजना बताते हुए कहा कि यह सिर्फ कचरा प्रबंधन की योजना नहीं, बल्कि स्वस्थ नागरिकों और बेहतर जीवनशैली का आधार है।
सभी राज्यों से निष्ठापूर्वक मिशन के लिए काम करने का आह्वान
उन्होंने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आह्वान किया कि वे इस मिशन को पूरी निष्ठा और तेजी से लागू करें। बैठक में लीगेसी वेस्ट रेमेडिएशन, वेस्ट टू वेल्थ, प्लास्टिक वेस्ट प्रबंधन, सफाई कर्मचारियों के कल्याण और शहरों में सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध जैसे मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। मनोहर लाल ने कहा कि स्वच्छता कोई एक विभाग या सरकार का काम नहीं है, बल्कि यह जन-आंदोलन है। हर नागरिक, नगर निगम, राज्य सरकार और केंद्र सरकार को इसमें अपनी भूमिका निभानी होगी। उन्होंने सतत निगरानी, नियमित समीक्षा और जमीनी स्तर पर बेहतर समन्वय पर बल दिया। यह बैठक स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 को 2026-27 तक पूर्ण रूप से सफल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।