Jammu Kashmir: केन्द्र शासित प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री बने उमर अब्दुल्ला, कांग्रेस सरकार में शामिल नही, कहा- राज्य का दर्जा मिलने तक लड़ेंगे

Jammu Kashmir Oath Ceremony: केन्द्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर को पहला मुख्यमंत्री मिल गया है। नेशनल कॉन्फ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने सीएम पद की शपथ ग्रहण की है। समारोह श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस सेंटर में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, सपा चीफ अखिलेश यादव, आम आदमी पार्टी नेता संजय सिंह समेत 6 पार्टियों के नेता शामिल हुए। कांग्रेस ने फैसला किया है कि वो सरकार में शामिल नहीं होगी, उनका कोई विधायक मंत्री नहीं बनेगा। कांग्रेस ने कहा कि जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा मिलने तक लड़ाई जारी रहेगी।

जम्मू-कश्मीर में डिप्टी सीएम पद की सुरेंदर चौधरी ने शपथ ली है। सुरेंदर चौधरी नौशेरा से विधायक हैं। विधानसभा चुनाव में राज्य बीजेपी के अध्यक्ष रहे रवींद्र रैना को 7819 वोट से हराया था। इसके अलावा सकीना इट्टू ने मंत्री पद की शपथ ली है। वह डीएस पोरा से विधायक, साल 1996 में जम्मू-कश्मीर की सबसे युवा विधायक बनी थीं। तब उम्र 26 साल थी। साल 2008 में जम्मू-कश्मीर से अकेली महिला मंत्री थीं।

मेंढर से विधायक जावेद राणा भी कैबिनेट में शामिल किए गए हैं। वह साल 2002 और 2014 में इसी सीट से विधायक बने। पहली बार मंत्री बनाए गए हैं। वहीं, जावेद अहमद डार राफियाबाद से चुनाव जीते हैं। पहली बार विधायक बने हैं। डार को भी कैबिनेट में शामिल किया गया हैं। छंब सीट से निर्दलीय विधायक सतीश शर्मा को भी कैबिनेट में शामिल किया है। उमर अब्दुल्ला की नेशनल कॉन्फ्रेंस को समर्थन दिया है। शपथ लेने के बाद उन्होंने “जय माता दी” का नारा लगाया।

Read Also: http://UP Byelection: उपचुनाव को लेकर बीजेपी ने बुलाई बड़ी बैठक, अमित शाह समेत सीएम और डिप्टी सीएम सभी होंगे शामिल

कांग्रेस सरकार में शामिल नहीं

बता दें कि, नेशनल कॉन्फ्रेंस के साथ मिलकर विधानसभा का चुनाव लड़ने वाली कांग्रेस सरकार में शामिल नहीं हुई है। हालांकि, उमर के शपथ समारोह में राहुल और प्रियंका गांधी मौजूद रहे। कांग्रेस ने सरकार को बाहर से समर्थन दिया है। पार्टी का कहना है कि जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा मिलने तक उसकी लड़ाई जारी रहेगी।

Read Also: http://Bangladesh Violence: हिन्दूओं की सुरक्षा को लेकर भारत सरकार सख्त, विदेश मंत्रालय की बांग्लादेश को दो टूक

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *