Haryana: विधानसभा सत्र के दौरान हुए इस राजनीतिक हत्याकांड से उठ रहे हैं कई सवाल…कहीं सरकार को बदनाम करने की साजिश तो नहीं

संतोष कुमार सिंह

चंडीगढ़: हरियाणा में विधानसभा सत्र चल रहा है। ठीक सत्र के बीच इनेलो के प्रदेश अध्यक्ष नफे सिंह राठी की हत्या हो जाती है। दो गैंगेस्टर की गिरफतारी भी होती है। इनेलो की तरफ से  के प्रदेश अध्यक्ष नफे सिंह राठी की मौत के बाद सीबीआई जांच की मांग की जाती है और मनोहर सरकार द्वारा मामले की जांच CBI को सौंप दी है। लेकिन सबसे बड़ा सवाल है कि आखिर सत्र के बीच इस तरह के राजनीतिक हत्या को अंजाम देने का कुचक्र कौन रचता है। सवाल यह भी है कि चुनावी तैयारी में लगे मनोहर लाल को बदनाम करने की साजिश का हिस्सा तो नहीं है।

यह सवाल इस ​लिए लाजिमी है क्योंकि

इनेलो के राष्ट्रीय महासचिव अभय चौटाला ने कहा है कि ये सोची समझी साजिश के तहत कॉन्ट्रैक्ट किलिंग हुई है। यहां तक की अभय ने नफे सिंह की हत्या को राजनीतिक हत्या बताया। इस बाबत उनकी बात हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल से  हुई थी। अभय ने मुख्यमंत्री से भी CBI जांच के लिए कहा था​ जिसे मुख्यमंत्री ने मान लिया है।

CBI जांच का हुआ ऐलान

जाहिर है इस हत्याकांड से हरियाणा की राजनीति में भूचाल आ गया है। एक तरफ विधानसभा की कार्यवाही के दौरान विपक्षी नेताओं ने नफे सिंह राठी हत्याकांड की सीबीआई जांच की मांग की, तो दूसरी तरफ नफे सिंह राठी का परिवार भी इस बात पर अड़ा रहा कि जब तक आरोपियों की धर पकड़ नहीं की जाएगी, तब तक वह नफे सिंह राठी के शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। मगर अब जब विधानसभा में सीबीआई जांच की मांग पर सरकार ने सहमति जता दी है, तो वहीं अब नफे राठी के परिवार ने अंतिम संस्कार पर सहमति जता दी है। और राठी का अंतिम संस्कार किया जाएगा। हालांकि परिवार ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस को 7 दिन का समय निर्धारित किया था इसके पहले ही दो लोगों को पुलिस ने गिरफतार कर लिया है। 

सुपारी किलिंग का शक जता रहा है प्रशासन

हरियाणा  पुलिस को शक है कि जिस तरह परफेक्ट प्लानिंग से मर्डर किया गया, उसमें किसी गैंग का हाथ हो सकता है। यह कॉन्ट्रैक्ट (सुपारी) किलिंग भी हो सकती है। इसकी जांच के लिए एक टीम गुपचुप तरीके से तिहाड़ जेल में कुछ गैंगस्टरों से पूछताछ करने पहुंची है। अब पूछताछ के दौरान क्या कुछ निकलकर सामने आता है यह देखना दिलचस्प रहेगा।

Read Also: Pankaj Udhas Passes Away: नहीं रहे महान गजल गायक पंकज उधास, साल 2006 में मिला था पद्मश्री

कांग्रेस ने भी की थी सीबीआई जांच की मांग

हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने मामले की जांच CBI को दी। उन्होंने कहा कि पुलिस राज्य में अपराध को रोकने के लिए जी जान से लगाती है। अगर विपक्ष को हरियाणा पुलिस पर भरोसा नहीं है। इस पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि इस हत्याकांड में सभी पहलुओं पर पर्दा उठना चाहिए। वहीं अभय चौटाला ने कहा है कि FIR में नामित आरोपियों ने उत्तर प्रदेश में नफ़े सिंह पर झूठा मुकदमा दर्ज कराया था। साथ ही उन्होंने इस हत्याकांड में भाजपा के नेताओं का नाम आने की बात भी कही है।

सीबीआई की जांच से उठेगा रहस्य से पर्दा

ये हत्याकांड राजनीतिक साजिश है या किसी व्यक्तिगत दुश्मनी का नतीजा ये तो सीबीआई जांच के बाद ही पता चल पाएगा लेकिन जिस तरह विधानसभा सत्र के दौरान इस राजनीतिक हत्या को अंजाम दिया जाता है उससे कई सवाल खड़ा होते हैं और उनमें सबसे बड़ा सवाल है कि कहीं सरकार को बदनाम करने की साजिश तो नहीं है।

Read Also: Amrit Bharat Station Scheme का PM Modi ने किया शुभारंभ, हरियाणा को मिली करोड़ों की सौगात-15 स्टेशनों का पुनर्विकास, भट्टू कलां रेलवे स्टेशन का होगा कायाकल्प

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *