Punjab:पंजाब में कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा की गिरफ्तारी पर विपक्षी गठबंधन I.N.D.I.A.में दरार देखने को मिल रही है। विधायक की गिरफ्तारी के बाद दोनों पार्टियों के नेताओं में आरोप-प्रत्यारोप की सियासत शुरू हो गई है। पंजाब पुलिस ने गुरुवार सुबह खैरा को उनके निवास चंडीगढ़ सेक्टर-5 से उठाया था।
ड्रग्स मामले में हुई कार्रवाई
कांग्रेस विधायक के खिलाफ यह कार्रवाई साल 2015 के फाजिल्का ड्रग्स मामले में हुई हैं। जिसमें ईडी भी जांच कर रही है। मामले में सुखपाल सिंह खैरा एनडीपीएस एक्ट (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंसेज एक्ट, 1985) के तहत आरोपी पाए गए हैं। जिसको लेकर उनकी आज गिरफ्तारी हुई हैं।
AAP और कांग्रेस आमने-सामने
कांग्रेस विधायक की गिरफ्तारी पर बोलते हुए AAPके राज्यसभा सांसद सुशील गुप्ता ने कहा, मुझे नहीं लगता कि कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व ड्रग अपराधियों को बचाने के लिए कदम उठाएगा। अगर सुखपाल खैरा दूध के धुले थे तो उन्हें कांग्रेस शासन के दौरान भी गिरफ्तार क्यों किया गया था। राजनीतिक संरक्षण प्राप्त था। पंजाब नशे की चपेट में था। उड़ता पंजाब जैसी फिल्में बनने लगीं। जब अकाली दल सत्ता में थी तो सुखपाल खैरा और गुरुदेव के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था।
कांग्रेस ने गिरफ्तारी को बताया बदले की भावना
वहीं, पंजाब में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने AAPसरकार पर बदले की भावना से कार्रवाई करने का आरोप लगाया। पंजाब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बाजवा ने कहा कि खैरा को गिरफ्तार करने आए पुलिस कर्मियों के पास गिरफ्तारी वारंट नहीं था। कानून के तहत अगर चंडीगढ़ पुलिस साथ होती तो ही पंजाब पुलिस सुखपाल खैरा को गिरफ्तार कर सकती थी। पंजाब पुलिस अत्याचार के लिए मशहूर है। हम सुखपाल खैरा के साथ खड़े हैं। हमारे पंजाब कांग्रेस नेता आज इस मुद्दे पर बैठक करेंगे और इसे हाईकमान के सामने उठाएंगे।