DTC Buses new rules: दिल्ली की सरकारी डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा करने वाली महिला यात्रियों के लिए 1 अगस्त से नया नियम लागू होने जा रहा है। अब मुफ्त बस यात्रा का लाभ केवल उन्हीं महिलाओं और ट्रांसजेंडर नागरिकों को मिलेगा, जिनके पास पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड होगा। बस में चढ़ते समय इस कार्ड को इलेक्ट्रॉनिक मशीन पर टैप करना अनिवार्य रहेगा। इसके साथ ही लंबे समय से जारी पेपर पिंक टिकट व्यवस्था 31 जुलाई के बाद पूरी तरह समाप्त कर दी जाएगी।
कौन ले सकेगा योजना का लाभ?
दिल्ली सरकार के अनुसार, इस योजना का लाभ दिल्ली में रहने वाली 5 वर्ष या उससे अधिक आयु की सभी लड़कियों, महिलाओं और ट्रांसजेंडर नागरिकों को मिलेगा। इसके लिए किसी आय सीमा की शर्त नहीं रखी गई है। हालांकि, आवेदक के आधार कार्ड पर दिल्ली का पता दर्ज होना अनिवार्य है। नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम या अन्य एनसीआर क्षेत्रों के पते वाले आधार कार्ड इस योजना के लिए मान्य नहीं होंगे।
पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड बनवाने के लिए आधार कार्ड, उससे लिंक मोबाइल नंबर और कुछ केंद्रों पर पासपोर्ट साइज फोटो की आवश्यकता होगी। आधार आधारित ओटीपी या बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद कार्ड जारी किया जाएगा। आवेदन की सुविधा डीटीसी डिपो, एसडीएम कार्यालयों और विशेष शिविरों सहित 50 से अधिक अधिकृत केंद्रों पर उपलब्ध है।
मेट्रो और नमो भारत में भी मिलेगा उपयोग
नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (NCMC) तकनीक पर आधारित यह स्मार्ट कार्ड केवल बसों तक सीमित नहीं रहेगा। डीटीसी और क्लस्टर बसों में मुफ्त यात्रा के लिए इसमें किसी रिचार्ज की आवश्यकता नहीं होगी, लेकिन यदि यात्री इसी कार्ड का उपयोग दिल्ली मेट्रो या नमो भारत (RRTS) में करना चाहते हैं, तो उन्हें कार्ड रिचार्ज कराना होगा। इससे एक ही कार्ड के जरिए बसों में मुफ्त यात्रा और मेट्रो व नमो भारत में कैशलेस भुगतान की सुविधा मिलेगी।
दिल्ली सरकार और डीटीसी ने महिला यात्रियों से अपील की है कि वे 1 अगस्त से पहले पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड बनवा लें, ताकि नई व्यवस्था लागू होने के बाद मुफ्त बस यात्रा में किसी तरह की असुविधा न हो।