UP Drug Conference: लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि राज्य आज दवा (फार्मा) क्षेत्र के लिए देश का सबसे बड़ा उपभोक्ता बाजार बन चुका है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के पास विशाल संसाधन, कुशल कार्यबल और मजबूत आधारभूत ढांचा मौजूद है, जो इसे फार्मा और मेडिकल डिवाइस सेक्टर के लिए एक आदर्श निवेश गंतव्य बनाता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लखनऊ में वैश्विक निवेशकों और उद्यमियों के सम्मेलन ‘उत्तर प्रदेश दवा सम्मेलन–1’ का उद्घाटन करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने प्रतिभागियों को ऑनलाइन संबोधित किया।
फार्मा सेक्टर के लिए मजबूत आधार
सीएम योगी ने कहा उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर की चार प्रयोगशालाएं मौजूद हैं। कई केंद्र पहले से कार्यरत हैं। राज्य न केवल दवा क्षेत्र के लिए सबसे बड़ा उपभोक्ता बाजार है, बल्कि सबसे बड़ा कार्यबल भी यहीं उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि सरकार की अपराध के प्रति ‘जीरो-टॉलरेंस’ नीति के चलते उत्तर प्रदेश अब दंगों, जबरन वसूली और अराजकता के केंद्र से बदलकर निवेश के लिए एक सुरक्षित और आकर्षक राज्य बन गया है। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब ‘बीमारू राज्य’ नहीं रहा, बल्कि कानून के राज वाला राज्य बन चुका है, जहां राजनीतिक हस्तक्षेप नहीं है।
2017 से पहले और अब का अंतर
मुख्यमंत्री ने 2012 से 2017 के बीच की स्थिति को याद करते हुए कहा कि उस दौरान राज्य में 900 से अधिक दंगे हुए थे और शायद ही कोई शहर ऐसा था जहां कर्फ्यू न लगा हो। उन्होंने आरोप लगाया कि व्यापारियों, डॉक्टरों और उद्यमियों को “गुंडा टैक्स” देने के लिए मजबूर किया जाता था और युवाओं के पास भविष्य की कोई स्पष्ट दिशा नहीं थी।
निवेशकों के लिए खुले द्वार
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा का आभार व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट सत्र के कारण वह कार्यक्रम में प्रत्यक्ष रूप से शामिल नहीं हो सके, लेकिन उनका संदेश निवेशकों के लिए उत्साहवर्धक है। योगी आदित्यनाथ ने कहा,
“उत्तर प्रदेश निवेशकों के स्वागत के लिए पूरी तरह तैयार है।”
फार्मा और मेडिकल डिवाइस परियोजनाएं
सीएम योगी ने ललितपुर में शुरू की गई फार्मा परियोजना का उल्लेख करते हुए कहा कि वहां भूमि आवंटन के बाद कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि नोएडा के जेवर में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा इसी माह प्रधानमंत्री द्वारा राष्ट्र को समर्पित किया जाएगा और उसके निकट 300 एकड़ क्षेत्र में मेडिकल डिवाइस पार्क की स्थापना की जा रही है।
उन्होंने कहा कि आईआईटी कानपुर के सहयोग से 1200 करोड़ रुपये की लागत से ‘मेडटेक सेंटर’ विकसित किया जा रहा है, जिसमें राज्य सरकार का सहयोग है। इसके साथ ही एसजीपीजीआई को भी दूसरे मेडिकल सेंटर के रूप में विकसित किया जा रहा है।
मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर की ताकत
सीएम योगी ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में सशक्त आधारभूत ढांचा मौजूद है। देश के करीब 55 प्रतिशत एक्सप्रेसवे राज्य में हैं। हर जिला मुख्यालय फोर-लेन सड़कों से जुड़ा है, जबकि तहसील मुख्यालय फोर-लेन या टू-लेन सड़कों से कनेक्ट हैं।
कारोबारी सुगमता में बड़ी छलांग
इससे पहले उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में बड़ी छलांग लगाई है। उन्होंने उद्यमियों को भरोसा दिलाया कि राज्य में निर्मित दवाओं का सबसे बड़ा और व्यापक उपयोग उत्तर प्रदेश में ही होगा। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’, राकेश सचान, जसवंत सैनी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और उद्योग जगत के प्रतिनिधि मौजूद रहे।