रोहतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने रोहतक में आयोजित स्पेशल ओलंपिक भारत एथलेटिक्स नेशनल चैंपियनशिप में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की । इस दौरान मुख्यमंत्री सैनी ने स्पेशल ओलंपिक भारत की अध्यक्षा मल्लिका नड्डा का हरियाणा की धरती पर स्वागत करते हुए कहा कि यह आयोजन समावेशी खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि इस चैंपियनशिप में देश के 26 राज्यों से करीब 500 से अधिक खिलाड़ी, कोच और सहभागी भाग ले रहे हैं, जो अपने आप में गर्व का विषय है।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का गौरव
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि स्पेशल ओलंपिक केवल प्रतिस्पर्धा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रशिक्षण, सहभागिता, आत्मविश्वास और आजीवन विकास को भी समान महत्व देता है। उन्होंने दिव्यांग खिलाड़ियों के जज्बे और मेहनत की सराहना करते हुए कहा कि ये खिलाड़ी समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
उन्होंने ने बताया कि इटली में आयोजित स्पेशल ओलंपिक वर्ल्ड विंटर गेम्स में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 28 खिलाड़ियों के जरिए 33 पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया है।
खेल और दिव्यांग सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार दिव्यांग जनों के सशक्तिकरण, खेलों के विकास और समावेशी नीतियों के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में खेल सुविधाओं के विकास के लिए पिछले 11 वर्षों में 989 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। साथ ही खेल विभाग का बजट भी बढ़ाकर दो गुना से अधिक किया गया है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश के 16,418 पदक विजेताओं को अब तक 679 करोड़ रुपये के नकद पुरस्कार दिए जा चुके हैं, जो खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने की दिशा में बड़ा कदम है।
दिव्यांग स्टेडियम और आर्थिक सहायता की घोषणा
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने घोषणा की कि हरियाणा में आवास सुविधा सहित दिव्यांग स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने अपने निजी कोष से स्पेशल ओलंपिक भारत को 31 लाख रुपये देने की घोषणा की। इस अवसर पर खेल मंत्री गौरव गौतम ने भी स्पेशल ओलंपिक भारत को 21 लाख रुपये देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री सैनी ने स्पेशल ओलंपिक भारत समिति का इस सफल आयोजन के लिए धन्यवाद करते हुए कहा कि राज्य सरकार भविष्य में भी ऐसे आयोजनों को हर संभव सहयोग देती रहेगी।