न्यूयॉर्क/काराकास: वेनेजुएला में चल रहे गंभीर राजनीतिक संकट ने नया मोड़ ले लिया है। अमेरिकी सैन्य कार्रवाई में गिरफ्तार पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को सोमवार को न्यूयॉर्क की फेडरल कोर्ट में पेश किया गया, जहां उन्होंने नार्को-टेररिज्म और ड्रग तस्करी सहित आरोपों में खुद को निर्दोष बताया। मादुरो ने अदालत में कहा, “मैं निर्दोष हूं। मैं एक सभ्य व्यक्ति हूं। मैं अभी भी अपने देश का राष्ट्रपति हूं।” उन्होंने अपनी गिरफ्तारी को “अपहरण” करार देते हुए खुद को “युद्धबंदी” बताया। उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस ने भी सभी आरोपों से इनकार किया। जज एल्विन हेलरस्टीन ने अगली सुनवाई 17 मार्च तय की।
डेल्सी को उपराष्ट्रपति की कमान
काराकास में मादुरो की पूर्व उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने नेशनल असेंबली में अंतरिम राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली। उनके भाई और असेंबली अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिगेज ने उन्हें शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण के दौरान डेल्सी ने भावुक भाषण दिया और कहा, “मैं दर्द के साथ आई हूं, जो हमारी मातृभूमि पर हुई अवैध सैन्य आक्रामकता के कारण वेनेजुएला के लोगों को झेलना पड़ा है।” उन्होंने अमेरिकी कार्रवाई को “नाजायज आक्रमण” बताते हुए मादुरो और उनकी पत्नी को “हीरो” करार दिया। हालांकि, कुछ रिपोर्टों में डेल्सी ने अमेरिका के साथ सहयोग और संतुलित संबंधों की बात भी कही है, जिससे मिश्रित संकेत मिल रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने दिया था निर्देश
वेनेजुएला की सुप्रीम कोर्ट ने मादुरो की अनुपस्थिति में डेल्सी को अंतरिम राष्ट्रपति नियुक्त किया था। सेना ने भी उनका समर्थन किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने डेल्सी को चेतावनी दी कि सहयोग न करने पर उन्हें “बड़ी कीमत” चुकानी पड़ सकती है। ट्रंप ने दावा किया कि फिलहाल वेनेजुएला को अमेरिका चला रहा है।
UNSC में आपात बैठक
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में आपात बैठक हुई, जहां अमेरिकी कार्रवाई की कड़ी आलोचना की गई। रूस, चीन और ईरान ने डेल्सी को बधाई दी और अमेरिका की निंदा की। काराकास में प्रदर्शन जारी हैं, कुछ मादुरो की रिहाई की मांग कर रहे हैं, तो कुछ अमेरिकी हस्तक्षेप का विरोध। यह संकट वेनेजुएला की अर्थव्यवस्था और क्षेत्रीय स्थिरता को प्रभावित कर रहा है।