IMA NATCON 2025: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 28 दिसंबर 2025 को अहमदाबाद में आयोजित 100वें अखिल भारतीय चिकित्सा सम्मेलन को संबोधित किया। उन्होंने चिकित्सा समुदाय के अद्वितीय योगदान और निस्वार्थ सेवा की सराहना की, विशेषकर कोविड-19 महामारी के दौरान डॉक्टरों द्वारा किए गए साहसिक प्रयासों का जिक्र किया। अमित शाह ने कहा कि हर विभाग के डॉक्टरों ने अपनी सुरक्षा की परवाह किए बिना मरीजों की सेवा की।
कोविड के अपने व्यक्तिगत अनुभव को किया साझा
गृह मंत्री ने बताया कि महामारी के दौरान उन्हें तीन बार कोविड से संक्रमित होने पर इलाज की आवश्यकता पड़ी, और हर बार डॉक्टरों ने मदद की। उन्होंने कहा, “मैं उन डॉक्टरों का दिल से धन्यवाद करता हूँ जिन्होंने सेवा की। यह दुनिया में कहीं और दुर्लभ है।” उन्होंने इसे भारत के मेडिकल समुदाय की अटूट प्रतिबद्धता का प्रमाण बताया।
मेडिकल शिक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर
अमित शाह ने पिछले दशक में मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर में हुई प्रगति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेजों और सीटों की संख्या बढ़ने से भारत वैश्विक मेडिकल शिक्षा का केंद्र बन रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार ने हेल्थकेयर क्षेत्र में निवेश बढ़ाकर आधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया है।
आयुष्मान भारत योजना और स्वास्थ्य कवरेज
गृह मंत्री ने आयुष्मान भारत योजना का उल्लेख किया और कहा कि अब 70 वर्ष से अधिक उम्र के सभी नागरिकों को स्वास्थ्य कवरेज मिल रहा है। इसका उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण हेल्थकेयर को हर नागरिक तक पहुंचाना है।
तकनीक और भविष्य की दिशा
अमित शाह ने डॉक्टरों को AI और मशीन लर्निंग का इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित किया, लेकिन यह स्पष्ट किया कि तकनीक कभी भी मानवीय स्पर्श और नैतिक मूल्यों की जगह नहीं ले सकती। उन्होंने कहा कि चिकित्सा समुदाय 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।