S Jaishankar India-US Trade Deal:(न्यूयॉर्क):विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा है कि भारत और अमेरिका के बीच चल रही व्यापार वार्ता एक जटिल प्रक्रिया है, लेकिन इसमें सकारात्मक प्रगति हुई है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले कुछ दिनों में इस पर निर्णायक परिणाम सामने आ सकते हैं। जयशंकर ने यह बात न्यूयॉर्क के वन वर्ल्ड ट्रेड सेंटर स्थित न्यूजवीक के मुख्यालय में संस्था के सीईओ देव प्रगाद के साथ संवाद के दौरान कही। उन्होंने कहा हां, हम एक जटिल व्यापार वार्ता के मध्य में हैं, या शायद उससे थोड़ा आगे बढ़ चुके हैं। मुझे उम्मीद है कि हम इसे सफल निष्कर्ष तक ले जाएंगे। हालांकि इसकी गारंटी नहीं दी जा सकती क्योंकि इसमें दूसरा पक्ष भी शामिल है।”
“मिलन बिंदु तलाशना है ज़रूरी”
भारत-अमेरिका संबंधों पर बात करते हुए विदेश मंत्री ने कहा कि दोनों देशों के नागरिकों के बीच आपसी धारणाएं और दृष्टिकोण मौजूद हैं। जैसे अमेरिका के लोग भारत के बारे में सोचते हैं, वैसे ही भारत के लोगों की भी अमेरिका के प्रति अपनी सोच है। हमें एक साझा सोच या मिलन बिंदु खोजना होगा और मेरा मानना है कि यह संभव है।
वार्ता में गहराई और गंभीरता
व्यापार समझौते को लेकर जयशंकर ने बताया कि पिछले कुछ महीनों में गहन और व्यापक चर्चा हुई है। “मैं यह नहीं बता सकता कि किस देश ने कितनी बार वार्ताएं की हैं, लेकिन मुझे लगता है कि भारत उनमें से एक है जिसने सबसे अधिक दौर की बातचीत की है।”
“मतभेद स्वाभाविक हैं, रिश्ते फिर भी मजबूत”
भारत और अमेरिका के बीते 25 वर्षों के द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि “हमारे संबंध सकारात्मक और स्थायी रहे हैं। इसमें अर्थव्यवस्था, तकनीक, शिक्षा, सुरक्षा और ऊर्जा जैसे संरचनात्मक कारक प्रमुख भूमिका निभाते हैं।”
जयशंकर ने स्वीकार किया कि हर रिश्ते में मतभेद होते हैं। “हर अमेरिकी राष्ट्रपति के कार्यकाल में ऐसा कुछ रहा है जो टकराव का कारण बना हो। उदाहरण के तौर पर, पाकिस्तान को एफ-16 विमान बेचने की योजना भी एक विवादास्पद मुद्दा थी। लेकिन असली बात यह है कि मतभेदों को कैसे संभाला जाए और संबंधों को सकारात्मक दिशा में कैसे बनाए रखा जाए।”
व्हाइट हाउस से भी संकेत: समझौता अंतिम चरण में
इस बीच, व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर अमेरिकी प्रशासन गंभीरता से काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि “वाणिज्य मंत्री हॉवर्ड लुटनिक ओवल ऑफिस में राष्ट्रपति ट्रंप के साथ थे और वे इन समझौतों को अंतिम रूप दे रहे हैं। भारत को लेकर जल्द ही घोषणा की जाएगी।”