नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज मॉनसून सत्र से पहले मणिपुर हिंसा पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि मणिपुर में दोनों बेटियों के साथ जो हुआ वो बेहद दुखद है। इस घटना ने पूरे देश का सिर झुका दिया है। पीएम मोदी ने कहा कि इस घटना से मैं बहुत दुखी हूं। वहीं चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया डीवाई चंद्रचूड़ ने घटना पर स्वत: संज्ञान लिया है।
सभ्य समाज को शर्मसार करने वाली घटना -पीएम मोदी
पीएम मोदी ने मणिपुर में कुकी समुदाय की दो महिलाओं को निर्वस्त्र सड़क पर घुमाने के मामले में अपनी प्रतिक्रिया दी। पीएम मोदी ने कहा कि मणिपुर की बेटियों के साथ जो हुआ उसे कभी माफ नहीं किया जा सकता है।यह किसी भी सभ्य समाज के लिए शर्मसार करने वाली घटना है।
दोषी को बख्शा नहीं जाएगा-पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि पाप करने वाले, गुनाह करने वाले कितने हैं कौन हैं, वे अपनी जगह पर हैं, लेकिन बेइज्जती पूरे देश की हो रही है। इस घटना से पूरे 140 करोड़ देशवासियों को शर्मसार होना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि मणिपुर की घटना पर मेरा हृदय पीड़ा और क्रोध से भरा है। मैं देश को विश्वास दिलाता हूं कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
मणिपुर घटना पर सुप्रीम कोर्ट ने लिया संज्ञान
बता दें मणिपुर में भीड़ ने 2 महिलाओं को नग्न कर सड़क पर घुमाया गया था। यह घटना 4 मई को कांगपोकपी जिले में हुई थी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था जिसपर काफी बवाल मचा। अब इस मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया है। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और मणिपुर सरकार से पूछा कि अपराधियों पर कार्रवाई के लिए आपने क्या कदम उठाए हैं।
चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि सांप्रदायिक संघर्ष के दौरान महिलाओं को एक औजार की तरह इस्तेमाल कभी स्वीकार नहीं किया जा सकता है। यह संविधान का सबसे घृणित अपमान है। आगे कहा कि, जो वीडियो हमारे सामने आया है, उससे हम बहुत परेशान हैं। हम सरकार को थोड़ा वक्त देते हैं, वो कदम उठाए। अगर वहां कुछ नहीं हुआ तो हम कदम उठाएंगे।