नई दिल्ली। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की संसदीय दल की बैठक ‘मंगल मिलन’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने NEET परीक्षा में पेपर लीक के मुद्दे पर बड़ा संदेश देते हुए कहा कि सरकार छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनके भविष्य के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा। बैठक के बाद केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने प्रधानमंत्री के संबोधन की जानकारी देते हुए कहा कि पीएम मोदी ने स्पष्ट किया है कि पेपर लीक मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
दोषियों को तत्काल भेजा गया जेल
किरेन रिजिजू ने बताया कि प्रधानमंत्री ने बैठक में कहा कि NEET पेपर लीक की खबर सामने आते ही सरकार ने बिना देरी किए कार्रवाई शुरू कर दी थी। मामले की जांच के दौरान 13 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। साथ ही सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि इस पूरे घटनाक्रम का असर छात्रों के भविष्य पर न पड़े।
री-एग्जाम को दी प्राथमिकता
इसी उद्देश्य से NEET की दोबारा परीक्षा को प्राथमिकता देते हुए उसका सफल आयोजन कराया गया और बिना किसी देरी के परिणाम भी घोषित किए गए। प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल दोषियों पर कार्रवाई करना ही नहीं, बल्कि लाखों छात्रों का भविष्य सुरक्षित रखना भी है। इसी सोच के साथ सभी जरूरी फैसले समय रहते लिए गए, ताकि विद्यार्थियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
दोषियों पर सख्त कार्रवाई
रिजिजू के मुताबिक, प्रधानमंत्री ने कहा कि भविष्य में इस तरह के पेपर लीक को रोकने के लिए सरकार ने कड़े कदम उठाए हैं। इस रैकेट में शामिल लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में देश के शीर्ष वकीलों की मदद लेकर आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जानी चाहिए, ताकि यह कार्रवाई पूरे देश के लिए मिसाल बने और भविष्य में कोई भी व्यक्ति छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का साहस न कर सके।
प्रधानमंत्री ने इस बात पर भी जोर दिया कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और विश्वास बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है और इसके लिए किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
पेपर लीक राजनीति का नहीं, पूरे देश का मुद्दा
बैठक में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पेपर लीक किसी एक राज्य या केवल केंद्र सरकार का विषय नहीं है। जहां-जहां इस तरह की घटनाएं हो रही हैं, वहां इस अवैध धंधे में शामिल लोगों के खिलाफ सभी राज्यों और संबंधित एजेंसियों को मिलकर कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह दलगत राजनीति का मामला नहीं, बल्कि पूरे देश के युवाओं के भविष्य से जुड़ा विषय है।
पीएम मोदी ने निर्देश दिया कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो और उन्हें कड़ी सजा दिलाने के लिए सभी सरकारें और एजेंसियां मिलकर काम करें। उनका कहना था कि ऐसे अपराधों के प्रति किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जानी चाहिए।
FTA में किसानों के हित रहेंगे सर्वोपरि
किरेन रिजिजू ने बताया कि प्रधानमंत्री ने विभिन्न देशों के साथ हुए मुक्त व्यापार समझौतों (FTA) पर चर्चा करते हुए भरोसा दिलाया कि सरकार हर समझौते में किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। उन्होंने कहा कि किसी भी FTA से किसानों को नुकसान नहीं होने दिया जाएगा।
प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार का प्रयास ऐसे व्यापार समझौते करने का है, जो किसानों और देश दोनों के सर्वोत्तम हितों को पूरा करें। रिजिजू ने कहा कि प्रधानमंत्री का संबोधन बेहद सार्थक रहा और उन्होंने सांसदों को कई महत्वपूर्ण राष्ट्रीय विषयों पर मार्गदर्शन दिया।