आजमगढ़: समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव पर सोशल मीडिया में हुई अभद्र टिप्पणी के मामले पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने सख्त रुख अपनाया है। आजमगढ़ में जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि उन्होंने खुद पुलिस को FIR दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
“बेटी बेटी होती है, सम्मान होना चाहिए”
सीएम योगी ने कहा, “जैसे ही यह मामला मेरे संज्ञान में आया, मैंने तत्काल पुलिस से कहा- इसमें FIR दर्ज कराओ। बेटी बेटी होती है। हम तो उस संस्कार में पले हैं जहां गांव की बेटी सबकी बेटी, गांव की बहन सबकी बहन मानी जाती है। हमने कोई भेदभाव नहीं किया।”
अखिलेश पर साधा निशाना
इसके साथ ही सीएम ने अखिलेश यादव को भी घेरा। उन्होंने कहा, “अखिलेश जी दूसरों को उपदेश देते हो, अपने चेले-चपाटों को भी थोड़ा उपदेश दे दो कि भाषा में संयम रखें। दूसरों पर टिप्पणी करने से पहले सोचें कि आपके लोग बहन-बेटियों, बुजुर्गों और वरिष्ठ नेताओं के प्रति कैसी भाषा इस्तेमाल करते हैं। अच्छा होगा उनको समझाओ। नहीं समझ सकते तो हमारे हवाले कर दो, हम अच्छी तरह समझा देंगे।”
आजमगढ़ की बदली तस्वीर का जिक्र
सीएम ने 2017 से पहले और बाद के आजमगढ़ की तुलना भी की। उन्होंने कहा, “पहले यहां पहचान का संकट था। विश्वविद्यालय नहीं था, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे नहीं था, एयरपोर्ट ठीक से काम नहीं कर रहा था। हरिहरपुर संगीत महाविद्यालय नहीं था। आजमगढ़ की साड़ी और मुबारकपुर की ब्लैक पॉटरी को मंच नहीं मिल रहा था।”
उन्होंने बताया कि एग्जिबिशन में एक ब्लैक पॉटरी कारीगर ने उनसे कहा कि डबल इंजन सरकार आने के बाद कारोबार कई गुना बढ़ा है और कारीगर सम्मान से जीवन जी रहे हैं।
“महाराज सुहेलदेव वाली गलती दोहरा रहे”
इतिहास का जिक्र करते हुए योगी ने कहा, “जब-जब हम जाति, क्षेत्र, भाषा और परिवारवाद के नाम पर बंटे, देश को नुकसान हुआ। हम बार-बार महाराज सुहेलदेव वाली गलती दोहरा रहे हैं। उनकी पीढ़ी ने उनसे प्रेरणा नहीं ली। पहले महाराज सुहेलदेव के नाम पर आयोजन नहीं होते थे, आक्रांता सालार मसूद यानी गाजी मियां के नाम पर होते थे।”
सीएम ने साफ किया, “हमने कहा गाजी के नाम पर नहीं, महाराज सुहेलदेव के नाम पर आयोजन होने चाहिए। किसी विदेशी आक्रांता को सम्मान नहीं मिलना चाहिए। नया भारत गुलामी के किसी भी प्रतीक को स्वीकार नहीं करेगा।”
दरअसल अखिलेश यादव की बेटी अदिति यादव को लेकर सोशल मीडिया पर कुछ आपत्तिजनक टिप्पणियां की गई थीं, जिसके बाद अखिलेश ने नाराजगी जताई थी। इसी पर सीएम योगी का बयान सामने आया है।