लखनऊ: प्रतीक यादव की मौत को लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद कई अहम खुलासे हुए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, शरीर में खून का थक्का बनने के कारण उनकी हालत बिगड़ी और बाद में कार्डियक अरेस्ट से उनकी मौत हो गई। डॉक्टरों ने बताया कि थक्का शरीर के निचले हिस्से से ऊपर की ओर गया, जिससे फेफड़ों और धमनियों में गंभीर असर पड़ा।
शरीर पर मिले 6 चोट के निशान, जांच जारी
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि प्रतीक यादव के शरीर पर कुल 6 चोट के निशान पाए गए हैं। इनमें से 3 चोटें करीब 6–7 दिन पुरानी थीं, जबकि 3 चोटें लगभग 1 दिन पुरानी बताई जा रही हैं। डॉक्टरों के अनुसार, हाल की चोटों से मौत नहीं हो सकती, लेकिन यह सवाल जरूर उठ रहा है कि ये चोटें किन परिस्थितियों में लगीं। इस पर मेडिकल टीम द्वारा विस्तृत समीक्षा की जा रही है।
दिल और सांस की प्रक्रिया अचानक बंद हुई
रिपोर्ट में मौत का कारण “हृदय और श्वसन तंत्र का अचानक बंद होना” यानी कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स बताया गया है। इसके पीछे मुख्य वजह फेफड़ों की नसों में खून का थक्का जमना (पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म) पाया गया है। इसी वजह से शरीर में ऑक्सीजन सप्लाई बाधित हो गई और मौत हो गई।
जांच के लिए सुरक्षित रखे गए नमूने
पोस्टमार्टम के दौरान हृदय और फेफड़ों से जुड़े नमूनों को आगे की हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। वहीं, शरीर के अंदरूनी अंगों (विसरा) को रासायनिक जांच के लिए सुरक्षित कर संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया गया है।
अस्पताल पहुंचने से पहले हुई मौत
जानकारी के अनुसार, बुधवार तड़के तबीयत बिगड़ने पर 38 वर्षीय प्रतीक यादव को लखनऊ के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उस समय अखिलेश यादव भी अस्पताल पहुंचे थे।
फिटनेस के शौकीन थे
मुलायम सिंह यादव के बेटे प्रतीक यादव राजनीति से दूर रहते थे और फिटनेस के प्रति जागरूक माने जाते थे। उनकी पत्नी अपर्णा यादव भाजपा नेता हैं और वर्तमान में उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष हैं।