Delhi pollution control: (नई दिल्ली): दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज तेहखंड स्थित DTC डिपो में स्वचालित परीक्षण स्टेशन (ATS) परियोजना का शिलान्यास किया और 50 नई इलेक्ट्रिक बसों को जनता की सेवा में समर्पित किया।मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली का यह दूसरा बड़ा ऑटोमेटेड टेस्टिंग सेंटर मार्च तक पूरी तरह कार्यरत हो जाएगा। इस केंद्र में लगभग 72,000 वाहनों की वार्षिक टेस्टिंग अत्याधुनिक तकनीक के साथ की जाएगी, जिससे वाहन फिटनेस की प्रक्रिया और अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और तकनीक-आधारित होगी।
स्वच्छता और कचरा प्रबंधन पर जोर
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस अवसर पर कहा कि सरकार प्रदूषण नियंत्रण के लिए हर मोर्चे पर काम कर रही है और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को ईवी आधारित बनाने का लक्ष्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। गुप्ता ने कहा, “सरकार प्रदूषण की समस्या के समाधान के लिए सक्रिय रूप से काम कर रही है। हम इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखा रहे हैं और इस परीक्षण केंद्र की आधारशिला रख रहे हैं। झुलझुली और बुराड़ी परीक्षण इकाइयों की क्षमता बढ़ाई जा रही है और नंद नगरी में भी एक नया परीक्षण केंद्र विकसित किया जा रहा है।”
विपक्ष पर किया कटाक्ष
मुख्यमंत्री ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने दिल्ली में कई समस्याएं छोड़ दीं। उन्होंने कहा, “वे हमसे प्रदूषण पर सवाल पूछते हैं। दिल्ली में 15 साल और 11 साल तक चलने वाली सरकारें कहां थीं? पिछली सरकार ने अपने कार्यकाल में केवल 2,000 बसें खरीदीं, जबकि हमारी सरकार ने आठ महीनों में 1,350 इलेक्ट्रिक बसें ला दी हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार कूड़े के पहाड़ों से लेकर यमुना नदी के पुनरुद्धार तक सभी मोर्चों पर काम कर रही है। सीएम गुप्ता ने कहा कि दिल्ली की समस्याओं के समाधान में समय लग सकता है, लेकिन सरकार की नीति और नीयत दोनों स्पष्ट हैं।
स्वच्छता अभियान की समीक्षा और कचरा प्रबंधन
मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को तेहखंड और तुगलकाबाद क्षेत्रों का दौरा कर स्वच्छता अभियान की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को कड़ा निर्देश दिया कि कचरा प्रबंधन समयबद्ध तरीके से किया जाए और निर्धारित मानकों के अनुसार सफाई सुनिश्चित की जाए। सीएम रेखा गुप्ता ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में लिखा कि दिल्ली सरकार प्रदूषण से निपटने और स्वच्छता बनाए रखने के लिए युद्धस्तर पर काम कर रही है। उन्होंने कहा, “मैंने प्रस्तावित कचरा संग्रहण स्थलों और स्थायी कम्पैक्टर स्थलों का निरीक्षण किया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि कचरा प्रबंधन पूरी मुस्तैदी और समयबद्ध तरीके से किया जाए।”
प्रदूषण नियंत्रण और भविष्य की योजनाएँ
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार प्रदूषण नियंत्रण के लिए इलेक्ट्रिक बसों के बेड़े का विस्तार कर रही है और नई स्वचालित परीक्षण इकाइयों के माध्यम से वाहन फिटनेस और प्रदूषण नियंत्रण की प्रक्रिया पारदर्शी और तकनीक-आधारित बनाई जा रही है। सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का उद्देश्य राजधानी को स्वच्छ, हरा-भरा और प्रदूषण मुक्त बनाना है। उन्होंने अधिकारियों से लगातार निगरानी और अभियान तेज रखने का आग्रह किया, ताकि नागरिकों को सुरक्षित और स्वास्थ्यकर वातावरण प्रदान किया जा सके।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार की नीति और नीयत सभी समस्याओं के समाधान के लिए निर्धारित है। स्वच्छता, कचरा प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण और इलेक्ट्रिक परिवहन पर जोर देकर सरकार राजधानी को आधुनिक और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के प्रयासों में जुटी है।