Karnataka BFI: कर्नाटक की एक अदालत ने भारतीय बास्केटबॉल महासंघ (BFI) की टेंडर लीग पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने यह फैसला पेशेवर लीग को बढ़ाने और प्रतिभाओं को एक मंच पर लाने के लिए लिया है। बीएफआई की टेंडर प्रक्रिया पर अंतरिम रोक 10 जून तक जारी रहेगी। कोर्ट का यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब बीएफआई ने एक निविदा सूचना 27 मई को जारी की थी।
बीएफआई ने यह निविदा कैप्टन प्रोफेशनल बास्केटबॉल लीग (CPBL) के साथ मैचों की मेजबानी और जमीनी स्तर की प्रतिभा को बढ़ावा देने के लिए जारी की थी। जिस पर अब कोर्ट ने रोक लगा दी है। इससे पहले बीएफआई (BFI) ने दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi High Court) का रूख किया था। कोर्ट में तर्क दिया था कि सीपीबीएल (CPBL) को अनुबंध दिए जाने के बावजूद आईएनबीएल प्रो (INBL Pro) प्रदर्शनी मैचों की मेजबानी के लिए अधिकार नहीं दिया गया है। मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने फैसला सीपीबीएल (CPBL) के पक्ष में सुनाया और इस आयोजन की मेजबानी करने का अधिकार दिया।
27 मई को जारी टेंडर में सीपीबीएल के साथ चल रहे अनुबंध को लेकर कहा गया था कि आईएनबीएल प्रो प्रदर्शनी मैचों की मेजबानी के लिए नियुक्ति तकनीकी और वित्तीय बोली के आधार पर की जाएगी। जिसको लेकर सीपीबीएल ने इस मामले में न्यायिक हस्तक्षेप की मांग की थी। जिसके बाद सीपीबीएल ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और कोर्ट ने इस टेंडर पर रोक लगा दी। यह रोक 10 जून तक अगली सुनवाई तक जारी रहेगी।
बता दें कि, यह कानूनी फैसला सीपीबीएल के लिए महत्वपूर्ण है। बीपीएल ने बास्केटबॉल को बढ़ावा देने के लिए अगले पांच सालों में 300 रुपए के निवेश के लिए प्रतिबद्धता जताई। साथ ही अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर आईएनबीएल प्रो लीग (INBL Pro League) भी एक मंच प्रदान करने के लिए आगे आया है। यह फैसला क्रिकेट के इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) की सफलता को देखते हुए लिया गया है। जिससे बास्केटबॉल का भविष्य भारत में बेहतर बनाया जा सके।
भारतीय बास्केटबॉल पर प्रभाव
आईएनबीएल प्रो लीग के अनुसार, सीपीबीएल के प्रयास जमीनी स्तर पर बास्केटबॉल को बढ़ावा देने, नई प्रतिभाओं को सामने लाने और प्रतिस्पर्धी माहौल को बढ़ावा देने में सहायक रहे हैं। फिलहाल चल रही कानूनी लड़ाई भारत में पेशेवर खेल लीगों के प्रबंधन और प्रचार में चुनौतियों को सुनिश्चित करती है, जो खेल प्रशासन और शासन के भीतर व्यापक मुद्दों को दर्शाती है। हमें इससे ऊपर उठकर बास्केटबॉल को बढ़ावा देने के लिए एक साथ एक मंच पर आना होगा। साथ ही देश के युवाओं की प्रतिभा निखारने में मदद करनी होगी।