नई दिल्लीःविश्व हिंदू परिषद (विहिप) और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को हरियाणा के नूंह में हुई सांप्रदायिक हिंसा के खिलाफ दिल्ली के कई इलाकों में प्रदर्शन किया और रैलियां निकालीं। वहीं, बदरपुर सीमा पर प्रदर्शन कर रहे विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया। प्रदर्शन कर रहे ये कार्यकर्ता जय श्री राम, हर हर महादेव और वंदे मातरम का नारा लगा रहे थे। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि सार्वजनिक स्थान पर किसी भी रैली या बैठक के लिए अनुमति नहीं मांगी गई थी।
हिंदू युवा वाहिनी के प्रवक्ता प्रवीण बब्बर ने कहा है कि हमें अनुमति की जरूरत नहीं है। विरोध-प्रदर्शन के बारे में सूचित करने के लिए आयुक्त कार्यालय को एक पत्र भेजा जा रहा है। बदरपुर में 60से अधिक दिल्ली पुलिस के जवान मौजूद थे। इस दौरान पुलिस ने वहां ड्रोन से सभी गतिविधियों पर नजर रखी।
उधर, बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने हिंदू संगठनों के विरोध-प्रदर्शन के खिलाफ दाखिल एक याचिका पर सुनवाई करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे यह सुनिश्चित करें कि रैलियों में किसी भी समुदाय के खिलाफ नफरत भरा भाषण न हो, हिंसा न हो या संपत्ति को कोई नुकसान न पहुंचाने पाए। साथ ही अगर कहीं जरूरत लगे तो वहां अतिरिक्त बल तैनात करने और वीडियोग्राफी करने के निर्देश दिए हैं।
राज्य में सांप्रदायिक हिंसा में अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है। बजरंग दल ने दावा किया है कि बुधवार को उसके एक कार्यकर्ता प्रदीप शर्मा की चोट लगने के कारण मौत हो गई। सोमवार को सबसे पहले नूंह में बजरंग दल और विहिप की ओर से निकाली गई बृजमंडल जलाभिषेक यात्रा के दौरान हिंसा भड़क गई थी। मंगलवार को नूंह में हुई सांप्रदायिक हिंसा की आग गुरुग्राम पहुंच गई और वहां भीड़ ने एक मस्जिद में आग लगा दी। इस घटना में वहां के इमाम की मौत हो गई है। मृतक इमाम मूल रूप से बिहार के सीतामढ़ी के रहने वाले थे।