लखनऊ:सिक्किम में शुक्रवार को सड़क हादसे में शहीद हुए 16जवानों में से यूपी से सम्बन्ध रखने वाले जवानों के पार्थिव शरीर आज लखनऊ पहुंचे। कल इसके निवास स्थानों पर इनका राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार होगा। हादसे में सेना के 13 जवान और तीन जूनियर कमीशंड ऑफिसर शहीद हो गए।
यह शहीद हुए यूपी से
जिनमें प्रदेश के मुजफ्फरनगर निवासी लोकेश कुमार, उन्नाव निवासी श्याम सिंह यादव, एटा निवासी भूपेंद्र सिंह और ललितपुर निवासी चरन सिंह शामिल थे। मुजफ्फनगर के लोकेश कुमार के अलावा तीनों शहीद जवानों के पार्थिक शरीर शनिवार की शाम चौधरी चरण सिंह अन्तर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट पर पहुंचे। लेकिन एटा निवासी भूपेन्द्र सिंह का पार्थिक शरीर एयरपोर्ट के अन्दर से आगरा के लिए रवाना कर दिया गया। जबकि ललितपुर के चरन सिंह व उन्नाव जिले श्याम सिंह के पार्थिव शरीरों को जिलाधिकारी सूर्यपाल गंगवार व उपजिलाधिकारी सरोजनीनगर सिद्धार्थ कुमार ने एयरपोर्ट पहुंचकर भावभीनि श्रद्धांजलि दी।
लाल श्याम सिंह परिवार का था एक मात्र सहारा
उन्नाव जिले की हिलौली ब्लॉक के गांव ककरारीखेड़ा-गुलरिहा के मजरे शंकरबक्सखेड़ा के मूल निवासी सुंदरलाल यादव का पुत्र श्याम सिंह यादव (30) सिक्किम में तैनात था। वर्ष-2011में सेना में सैनिक के पद पर भर्ती हुआ श्याम सिंह बीते आठ दिसम्बर को ही छुट्टियां खत्म होने पर वह वापस ड्यूटी पर सिक्किम गया था।
गमगीन हुआ माहौल
इकलौते बेटे के शहीद होने की खबर पहुंचते ही परिवार में कोहराम मच गया। मां शांति के साथ पत्नी विनीता और तीन बहनें बेहाल हैं। सेना में जेसीओ पद पर तैनात श्याम सिंह यादव सिंह की देश की सेवा करते हुई शहादत की सूचना से गांव समेत क्षेत्र वासियों की आंखे नम है। हादसे की खबर सुन शहीद फौजी के घर में ढांढस बांधने वालों का तांता लग गया। वर्ष-2013 में रायबरेली जिले के हरचंदपुर थाना क्षेत्र के पहराखेड़ा निवासी विनीता से वर्ष श्याम सिंह की शादी हुई थी। श्याम सिंह को एक छोटा बेटा अमन (08) है। पिता खेती कर परिवार का पालन पोषण करते हैं। बेटा ही परिवार का इकलौता सहारा था। पिता सुन्दर लाल यादव ने बताया कि आठ दिसंबर को ही घर से ड्यूटी पर सिक्किम गया था।