उत्तर-प्रदेश में पिछले कई दिनों से जीएसटी चोरी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। योगी सरकार ने अगले 72 घंटे तक छापेमारी न करके का आदेश दे दिए हैं। जीएसटी विभाग की 248 टीमें प्रदेश के 71 जिलों में छापेमारी कर रही थीं। जिसका विरोध में पूरे प्रदेश में व्यापारी प्रदर्शन कर रहे थे।
यूपी में राज्यकर विभाग द्वारा चलाये जा रहे जीएसटी चोरी के खिलाफ अभियान पर फिलहाल रोक लगा दी गई गई। छापेमारी के खिलाफ प्रदेश के व्यापारी भारी संख्या में सड़को पर उतर कर इसका जमकर विरोध कर रहे थे। जिसके बाद छापेमारी को बंद कर दिया गया। इस दौरान प्रदेश के कई शहरों के बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। छापेमारी के डर से कई दुकानदारों ने अपनी दुकाने बंद रखी।
कई दिनों से चल रही छापेमारी
उत्तर-प्रदेश में जीएसटी चोरी करने के मामले में लगभग एक सप्ताह से छापेमारी की कार्रवाई चल रही है। राज्यकर आयुक्त मिनिस्ती एस. के निर्देश पर जीएसटी चोरी के खिलाफ अभियान चल रहा था। अभियान के छठे दिन अधिकारियों ने प्रदेश के 71 जिलों में ताबड़तोड़ छापेमारी की। इस दौरान दुकानदार और ग्राहकों के बीच लेन-देन की प्रकिया की बारीकी से जांच की गई।
लखनऊ में व्यापारियों ने बंद की दुकानें
जीएसटी को लेकर छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने 19.05 करोड़ रुपये की कर चोरी पकड़ी, वहीं तमाम व्यापारियों से 1.37 करोड़ रुपये जुर्माना भी जमा कराया गया। जबकि छापेमारी कीकार्रवाई परलखनऊ के व्यापारी भारी आक्रोश में दिखें। उन्होंने इसके विरोध में अपनी दुकानें बंद कर दी और सड़कों पर उतर आएं।
सीएम योगी से मिले व्यापार कल्याण बोर्ड के उपाध्यक्ष
जीएसटी को लेकर राज्यकर विभाग द्वारा चलाये जा रहे अभियान पर व्यापार कल्याण बोर्ड के उपाध्यक्ष पुष्पदंत जैन ने रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी। मुलाकात के बाद गोरखपुर पहुंचे पुष्पदंत जैन ने कहा, मुख्यमंत्रीजी ने कहा है कि किसी व्यापारी को कोई दिक्कत हो तो हमें बताएं। किसी व्यापारी को दिक्कत नहीं होने दी जाएगी।