दिल्ली दंगों में आम आदमी पार्टी के पार्षद मोहम्मद ताहिर हुसैन की भूमिका संदिग्ध मानी जा रही है। ताहिर हुसैन पर और उनके समर्थकों पर इंटेलिजेंस ब्यूरो के अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के आरोप लग रहे हैं। वो पुलिस से बच रहे हैं। एक रिश्तेदार के घर से ताहिर हुसैन ने विडियो जारी कर अपने को पाक-साफ बताया है। कौन हैं ये ताहिर हुसैन? ताहिर दिल्ली की राजनीति का चर्चित चेहरा नहीं हैं। हालांकि पूर्वोत्तर दिल्ली में शाहदरा, नेहरू नगर, चांदबाग के इलाके में ताहिर का रसूख है। मुसलमानों के बीच इनकी पैठ है।
मिली जानकारी से यह पता चला है कि ताहिर हुसैन ने जो चुनाव आयोग को जानकारी दी है, उसके आधार पर माय नेता डॉटकॉम से उनके बारे में कुछ जानकारी मिलती है। 2017 में वो निर्वाचन क्षेत्र 059-E-Nehru Vihar ( East Delhi) से आप के टिकट पर पार्षद बने। उनके घर का पता नेहरू विहार, करावल नगर लिखा हुआ है। पेशे से बिजनसमैन मोहम्मद ताहिर हुसैन ने लगभग 18 करोड़ की संपत्ति घोषित की है। हालांकि आयोग को दी गई जानकारी के मुताबिक उनके खिलाफ कोई आपराधिक मुकदमा दर्ज नहीं है। ताहिर ने इससे पहले कोई चुनाव नहीं लड़ा। वो आठवीं पास हैं और नैशनल ओपन स्कूल से दसवीं की पढ़ाई कर रहे हैं। ये जानकारी 2017 में दी गई है, लिहाजा दसवीं की पढ़ाई पूरी हो गई होगी।
वहीं, दूसरी तरफ ताहिर ने अपनी तरफ से एक विडियो जारी कर कहा है कि दंगा भड़काने में उनकी कोई भूमिका नहीं है। वो कहते हैं, बहुत सारी भीड़ जबर्दस्ती मेरा गेट तोड़ अंदर आना चाहती थी। मैंने पुलिस बुलाई। वो आए। हमारे मकान की तलाशी ली गई। जब कोई दंगाई नहीं दिखा तो मैं पुलिस के सहयोग से जान बचाकर बाहर निकला। पुलिसवालों की निगरानी एक दिन रही उसके बाद पुलिस चली गई। मैं एक सच्चा, अच्छा भारतीय मुसलमान हूं, मैं आगे भी हिंदू-मुसलमान भाईचारे के लिए काम करता रहूंगा। मैं खुद जान बचाकर परिवार के साथ एक रिश्तेदार के पास हूं। मैं बच्चे की सौगंध खाकर कहता हूं कि इन सबसे मेरा कोई लेना-देना नहीं हैं। मैं इस तरह की घटिया राजनीति नहीं कर सकता।
Ankit Lal (@AnkitLal) February 26, 2020