Karnataka Election 2023:कर्नाटक विधानसभा चुनाव में विजय पताका फहराने के लिए बीजेपी यूपी की राह पर है। यूपी की तरह बीजेपी कर्नाटक में लिंगायत और वोकालिग्गा के बड़े राजनीतिक वोटबैंक के अलावा छोटे-छोटे जातीय समूहों को जोड़ने में जुटी है।जिससे चुनाव में जीतकर पूर्ण बहुमत की सरकार बन सके।
सबसे ज्यादा सीट जीतने का दावा
बीजेपी ने यूपी फॉर्मूले पर भरोसा दिखाते हुए सबसे ज्यादा सीट जीतने का दावा किया। बीजेपी के एक वरिष्ठ नेता का कहना है कि हम पूर्ण बहुमत 113 सीटों से भी ज्यादा सीटें जीतेंगे। यूपी में बीजेपी ने लगातार दूसरी बार सरकार बनाई है। इस ऐतिहासिक जीत के पीछे छोटे-छोटे राजनीतिक दलों का साथ रहा है।
बीजेपी यूपी के अलावा बिहार में भी इस फॉर्मूले को आजमा चुकी है। इसके नतीजे आश्वस्ति देने वाले मिले हैं। अब पहली बार बीजेपी कर्नाटक विधानसभा चुनाव में इस फार्मूले को आजमाने की तैयारी कर रही है। बीजेपी को उम्मीद है कि अन्य राज्यों की तरह कर्नाटक में भी परिणाण अच्छे आएंगे।
कर्नाटक में मुस्लिम वोटबैंक बड़ा
जानकारी के लिए बता दे कि, कर्नाटक में लिंगायत, वोकालिग्गा, दलित, आदिवासी, ओबीसी और मुस्लिम बड़े वोटबैंक के रूप में देखे जाते हैं। इनमें से बीजेपी का मुख्य जनाधार लिंगायत और जेडीएस का वोकालिग्गा है। वहीं कांग्रेस बीते पांच दशकों से ओबीसी, दलित, आदिवासी और मुस्लिम वोटबैंक की राजनीति करती आ रही है। लेकिन इस बार विधानसभा चुनाव में बीजेपी मुस्लिम वोटबैंक को छोड़कर अन्य जातीय समूहों को साधने की पुरजोर कोशिश कर रही है।