नई दिल्ली: नए साल की शुरूआत के सिर्फ एक सुबह पहले दिल्ली के कंझावला में 20 साल की लड़की के साथ सड़क हादसा हुआ जिसमें उसकी दर्दनाक मौत हो गई। इस मामले पर कवि डॉ कुमार विश्वास ने समाज पर तंज कसते हुए ट्वीट कर लिखा, दामिनी से अंजली तक भी नहीं बदला इन दस सालों में।
जिस रात पूरा देश नए साल के स्वागत में जश्न मन रहा था उसी रात एक 20 साल की लड़की अपनी जिंदगी के लिए चीख रही थी। अंजली अपने घर स्कूटी से लौट रही थी कि इसी बीच एक गाड़ी ने उसे टक्कर मारी और कई किमी तक बुरी तरह से घसीटते रहें। इस सड़क हादसे में अंजली की सांसे थम गईं।
दामिनी से अंजली तक कुछ नहीं बदला
दिल्ली एक बार फिर दहल उठी। अंजली जिस तरह दर्दनाक सड़क हादसे का शिकार हुई उसने एक बार फिर महिला सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। इस घटना पर कवि कुमार विश्वास का भी दर्द छलका है। उन्होंने 10 साल पहले राजधानी में दामिनी के साथ हुए जघन्य दुष्कर्म को याद करते हुए एक ट्वीट किया। जिसमें उन्होंने लिखा, पीठ पर आज भी ताजा हैं वो लाठियाँ, आँसू-गैस के गोले और वाटर-कैनन।दामिनी से अंजली तक, 10 साल में कुछ नहीं बदला।ना सियासत न पुलिस।दिल्ली-पुलिस का आमूल-चूल ओवरहाल आवश्यक है।देश की राजधानी में जितनी साधन-सम्पन्न व अत्याधुनिक पुलिस होनी चाहिए, दिल्ली-पुलिस उस चेहरे से दशकों पीछे है।
अंजली पर थी घर की जिम्मेदारी
अंजली का पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार कर दिया गया है। अंजली महज 20 साल की थीं।उसपर अपने घर की जिम्मेदारी थी। वो सैलून में काम करके अपने पांच भाई-बहनों को संभालती थी।अंजली की मौत से उसका पूरा परिवार गहरे शोक में है।अपनी बेटी को खोने का दर्द मां के आंखों से आंसू बनकर छलक रहा है।पुलिस ने अंजली की दोस्त जो घटना के वक्त वहां मौजूद थी। उसका बयान दर्ज कर लिया है और मामले की जांच की जा रही है।