शामली: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास को नई रफ्तार देने के लिए 2,452 करोड़ रुपये से अधिक की 255 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। अपने दौरे की शुरुआत उन्होंने शामली से की, जहां 581 करोड़ रुपये से अधिक लागत की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास कर क्षेत्र को बड़ी सौगात दी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास और जनकल्याण की ये परियोजनाएं पश्चिमी उत्तर प्रदेश को ‘विकसित उत्तर प्रदेश’ के लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ाएंगी।
शामली से विकास अभियान की शुरुआत
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सबसे पहले शामली में आयोजित कार्यक्रम में 581 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इनमें सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से क्षेत्र के किसानों, युवाओं और आम जनता को सीधा लाभ मिलेगा।
तीन जिलों में 255 परियोजनाओं पर काम
शामली के बाद मुख्यमंत्री का कार्यक्रम बिजनौर और गाजियाबाद में भी निर्धारित है। तीनों जिलों की विभिन्न विधानसभा सीटों के लिए कुल 255 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया जा रहा है। सरकार का दावा है कि इन परियोजनाओं से बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलने के साथ रोजगार और निवेश के अवसर भी बढ़ेंगे।
लाभार्थियों को मिली योजनाओं की सौगात
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र, चेक, मकानों की चाबियां, लैपटॉप, प्रमाण पत्र और प्रशस्ति पत्र वितरित किए। साथ ही नवनियुक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को नियुक्ति पत्र भी सौंपे गए।
विपक्ष पर साधा निशाना
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने विपक्ष पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि पहले धार्मिक आयोजनों पर रोक लगाने और आस्था से जुड़े कार्यक्रमों में बाधाएं पैदा की जाती थीं, जबकि आज प्रदेश में कांवड़ यात्रा, रामनवमी और कृष्ण जन्माष्टमी जैसे आयोजन शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार चौधरी चरण सिंह के किसानों और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास के सपने को साकार करने का काम कर रही है।