Yamuna Expressway Bus Fire: ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे पर एक स्लीपर बस में अचानक आग लगने से बड़ा हादसा हो गया। जेवर थाना क्षेत्र में दयानतपुर गांव के पास हुई इस घटना में 9 यात्रियों की मौत हो गई। हादसे के समय बस में करीब 40 से 50 यात्री सवार बताए जा रहे हैं। आग तेजी से फैलने के कारण कुछ यात्री बस के अंदर फंस गए, जबकि कई लोगों ने खिड़कियों और दरवाजे से बाहर निकलने के बाद कूदकर अपनी जान बचाई। नोएडा पुलिस ने नौ लोगों की मौत की पुष्टि की है।
ग्रेटर नोएडा से आगरा जा रही थी बस
हादसा उस समय हुआ जब बस ग्रेटर नोएडा की तरफ से आगरा जा रही थी। दयानतपुर गांव के पास अचानक बस में आग लग गई। चालक ने आग का पता चलते ही बस को एक्सप्रेसवे के किनारे रोक दिया, जिसके बाद यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। कुछ लोग तुरंत बस से बाहर निकल गए, जबकि आग कुछ ही मिनटों में इतनी तेजी से फैली कि कई यात्रियों को बाहर आने का मौका नहीं मिला।
बताया गया है कि मृतकों में एक बुजुर्ग महिला और दिव्यांग बच्चे भी शामिल हैं। घायलों को कैलाश अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बस का नंबर BR 32 PA 8647 बताया गया है। इसे राज कल्पना ट्रैवल्स की बस बताया जा रहा है।
धुएं और लपटों से मची अफरा-तफरी
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बस में आग लगने के बाद अचानक धुआं और ऊंची लपटें उठने लगीं। यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। कई यात्रियों ने बस से कूदकर अपनी जान बचाई। कुछ लोगों ने बस के अंदर से पटाखे फूटने जैसी आवाजें आने की बात भी कही है।
टोल कर्मियों के अनुसार डबल डेकर बस देखते ही देखते धू-धू कर जलने लगी। एक्सप्रेसवे की निजी सुरक्षा टीम और पुलिस मौके पर पहुंची और आग बुझाने की कोशिश शुरू की। चार से पांच दमकल गाड़ियों की मदद से आग पर काबू पाया गया।
CM योगी ने लिया हादसे का संज्ञान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ग्रेटर नोएडा में हुए इस हादसे का संज्ञान लिया। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और अधिकारियों को घायलों के उचित इलाज की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवारों से बात कर उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराने को कहा। साथ ही उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
बस में आग किस वजह से लगी, इसकी जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। हादसे के बाद जेवर टोल और फलैदा कट के पास आधे घंटे से अधिक समय तक यातायात रोकना पड़ा। आग पर काबू पाने के बाद एक्सप्रेसवे पर यातायात फिर शुरू कर दिया गया।