(नई दिल्ली): प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को दिल्ली में आयोजित ‘इंडिया एआई इम्पैक्ट एक्सपो’ का उद्घाटन किया। यह प्रदर्शनी कृत्रिम मेधा (एआई) से जुड़ी गतिविधियों और नवाचारों पर केंद्रित है और देश में उभरती एआई पारिस्थितिकी को बढ़ावा देने का प्रयास करती है।
स्टार्टअप्स से संवाद और स्टॉल का अवलोकन
प्रधानमंत्री मोदी ने उद्घाटन के बाद प्रदर्शनी में हिस्सा ले रही स्टार्टअप कंपनियों के स्टॉल का अवलोकन किया और उनके प्रतिनिधियों से बातचीत की। उन्होंने स्टार्टअप्स के नवाचार, तकनीकी विकास और उनके कामकाज के तरीकों के बारे में जानकारी हासिल की।
अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा
एक्सपो में 13 देशों के राष्ट्रीय मंडप लगाए गए हैं, जो एआई क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सहयोग और नवाचार को प्रदर्शित करते हैं। इसके अलावा, इस आयोजन में वैश्विक प्रौद्योगिकी कंपनियां, स्टार्टअप्स, शैक्षणिक संस्थान, शोध संगठन, केंद्र और राज्य सरकारों के प्रतिनिधि और विभिन्न अंतरराष्ट्रीय साझेदार एक मंच पर मौजूद हैं।
एआई पारिस्थितिकी और निवेश के अवसर
इस प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य एआई में नवाचार को बढ़ावा देना, निवेश के अवसर पैदा करना और विभिन्न संस्थानों के बीच सहयोग को सुदृढ़ करना है। इसमें 600 से अधिक उच्च क्षमता वाले स्टार्टअप भाग ले रहे हैं, जो अपने उत्पाद और तकनीकों को पेश कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि एआई के क्षेत्र में भारत की भूमिका तेजी से बढ़ रही है और यह एक्सपो देश में एआई के विकास और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की स्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
नवाचार और सुविधा पर ध्यान
एक्सपो में एआई आधारित समाधानों, स्मार्ट तकनीकों और नए शोध क्षेत्रों को प्रदर्शित किया गया। यह आयोजन न केवल तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देता है, बल्कि भारत की एआई क्षमताओं को वैश्विक मंच पर पेश करने का अवसर भी प्रदान करता है। इस प्रदर्शनी से स्टार्टअप्स और कंपनियों को नेटवर्किंग, निवेश और सहयोग के नए अवसर प्राप्त होंगे, जिससे भारत में एआई पारिस्थितिकी और मजबूत होगी।