Bihar CM oath ceremony: (पटना): बिहार में नई सरकार गठन का रास्ता औपचारिक रूप से साफ हो गया है। बुधवार को आयोजित राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के विधायक दल की बैठक में जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार को सर्वसम्मति से नेता चुना गया। इसके साथ ही नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री बनने की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई।
सर्वसम्मति से चुने गए राजग नेता
विधानमंडल के सेंट्रल हाल में हुई बैठक में भाजपा विधायक दल के नेता सम्राट चौधरी ने नीतीश कुमार के नाम का प्रस्ताव रखा, जिसे जदयू के वरिष्ठ नेता बिजेंद्र प्रसाद यादव, लोजपा (रामविलास) के प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी सहित सभी सहयोगी दलों के विधायकों ने समर्थन दिया। राजग की बैठक के बाद नीतीश कुमार राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने पुष्टि की कि शपथ ग्रहण समारोह गुरुवार को पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में आयोजित होगा, जिसमें 75 वर्षीय नीतीश कुमार 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।
जदयू और भाजपा ने चुने अपने विधायक दल के नेता
इससे पहले जदयू ने अपनी विधायक दल की बैठक में नीतीश कुमार को एकबार फिर नेता चुना। मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित ‘संवाद’ में हुई बैठक में सभी नवनिर्वाचित विधायक और पार्टी के 22 विधान परिषद सदस्य मौजूद थे। जदयू के वरिष्ठ नेताओं विजय चौधरी और उमेश कुशवाहा ने प्रस्ताव रखा, जिसे बिजेंद्र यादव, संजय झा और केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन ‘ललन’ सिंह ने समर्थन दिया। उधर, भाजपा विधायकों ने सम्राट चौधरी को विधायक दल का नेता और विजय सिन्हा को उपनेता चुना। यह निर्णय उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और भाजपा के केंद्रीय पर्यवेक्षक केशव प्रसाद मौर्य की उपस्थिति में सर्वसम्मति से हुआ। बैठक में केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और साध्वी निरंजन ज्योति भी मौजूद थीं।
“सुशासन से समृद्धि” का संकल्प दोहराया
विधायक दल का उपनेता बनाए जाने पर विजय सिन्हा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और पार्टी नेतृत्व ने उन पर जो भरोसा जताया है, वे उसे पूरी निष्ठा से निभाएंगे। उन्होंने कहा कि वे “सुशासन से समृद्धि” के प्रधानमंत्री के संकल्प को पूरा करने के लिए काम करेंगे। भाजपा के वरिष्ठ नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि जनता ने भारी बहुमत देकर सरकार चुनी है और अब विधायक दल ने भी सर्वसम्मति से अपना नेता चुन लिया है। 243 सदस्यीय विधानसभा में राजग को 202 सीटों के साथ प्रचंड बहुमत मिला है। भाजपा 89 सीटों के साथ पहली बार सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जबकि जदयू को 85, लोजपा (रामविलास) को 19, हम को 5 और रालोमो को 4 सीटें मिली हैं।