नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस ने निगरानी बढ़ा दी है। आउटर जिले में स्कूल-कॉलेजों के आसपास महिला पुलिसकर्मियों की पिंक स्कूटी और पैदल गश्त तेज की गई है। सुबह और शाम के समय उन जगहों पर खास नजर रखी जा रही है, जहां छात्राओं और महिलाओं की आवाजाही अधिक रहती है। स्कूल-कॉलेजों के अलावा बाजार, पार्क, बस स्टॉप और अन्य संवेदनशील स्थानों पर भी पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई गई है।
इस अभियान के तहत महिला एवं बाल विशेष पुलिस इकाई ने 95 महिला पुलिसकर्मियों की 15 टीमें बनाई हैं। ये टीमें दिल्ली के अलग-अलग जिलों में तैनात होकर स्कूटी और पैदल गश्त कर रही हैं। अभियान का उद्देश्य सार्वजनिक स्थानों पर महिला पुलिस की सक्रिय और दिखाई देने वाली मौजूदगी बनाए रखना है, ताकि महिलाओं और छात्राओं को सुरक्षा का भरोसा मिल सके।
स्कूल, बाजार और पार्कों पर विशेष निगरानी
मंगोलपुरी और पश्चिम विहार में सुबह और शाम के समय स्कूलों, अस्पतालों, बस स्टॉप, बाजारों और पार्कों के आसपास विशेष निगरानी की जा रही है। दिल्ली के दूसरे जिलों में भी शैक्षणिक संस्थानों, रिहायशी इलाकों, अंधेरे स्थानों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में पैदल गश्त की जा रही है।
गश्त के दौरान महिला पुलिसकर्मी छात्राओं और स्थानीय लोगों से सीधे बातचीत भी कर रही हैं। उनसे इलाके में आने वाली सुरक्षा संबंधी परेशानियों के बारे में जानकारी ली जा रही है। पुलिस की टीमें छेड़छाड़, उत्पीड़न, संदिग्ध गतिविधियों और महिलाओं से जुड़ी सुरक्षा संबंधी घटनाओं पर भी नजर रख रही हैं।
आत्मरक्षा और साइबर ठगी से बचाव की जानकारी
अभियान के दौरान महिलाओं और छात्राओं को आत्मरक्षा के तरीकों के बारे में बताया जा रहा है। इसके साथ ही साइबर अपराध और ठगी से बचने के लिए भी जागरूक किया जा रहा है। पुलिस लोगों से संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी तुरंत देने की अपील कर रही है। इससे स्थानीय लोगों और पुलिस के बीच संवाद मजबूत करने पर भी जोर दिया जा रहा है। पुलिस ने किसी भी आपात स्थिति में 112 पर संपर्क करने की अपील की है। महिलाओं से जुड़ी सहायता के लिए 1091 महिला हेल्पलाइन पर भी संपर्क किया जा सकता है।