Bhopal: मध्य प्रदेश के जबलपुर में गुरुवार शाम को नर्मदा नदी के बरगी डैम पर एक दर्दनाक हादसा हो गया। मध्य प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा संचालित पर्यटकों से भरा क्रूज अचानक तेज आंधी-तूफान और ऊंची लहरों के कारण संतुलन खो बैठा और पलट गया। घटना खमरिया टापू (आइलैंड) के पास हुई, जहां क्रूज नर्मदा के बैकवाटर में सैर करा रहा था।
क्रूज में कुल 29 से 31 लोग सवार थे, जिनमें पर्यटक और क्रू सदस्य शामिल थे। तेज हवाओं (60-70 किमी प्रति घंटा) के कारण क्रूज डगमगाया और कुछ ही मिनटों में पानी में समा गया। हादसे में अब तक 9 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 22 लोगों को रेस्क्यू टीम ने सुरक्षित बाहर निकाला। कई लोगों की तलाश अभी भी जारी है।
रेस्क्यू ऑपरेशन में SDRF, NDRF, आर्मी, स्थानीय पुलिस और मछुआरे शामिल हैं। रातभर चले अभियान में कई शव बरामद किए गए। एक दिल दहला देने वाली घटना में मां का शव अपने बच्चे से सीने से लिपटा हुआ मिला। मां ने अपनी लाइफ जैकेट बच्चे को बचाने के लिए दी, लेकिन दोनों ही क्रूज में फंसकर डूब गए। इस मंजर को देखकर मौके पर पहुंची मंत्री की भी आंखें नम हो गईं।
अचानक तेज हवा एयर आंधी आने से हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि अचानक मौसम बिगड़ा, तेज हवा चली और लहरें क्रूज को निगल गईं। कई पर्यटकों ने लाइफ जैकेट न होने या समय पर न मिलने की शिकायत की, जिससे बचाव मुश्किल हुआ। हादसे में सुरक्षा प्रोटोकॉल की लापरवाही सामने आई है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया मुआवजे का ऐलान
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने हादसे पर दुख जताया और जांच के आदेश दिए। प्रत्येक मृतक के परिवार को 4 लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की गई। उन्होंने पीडब्ल्यूडी मंत्री को मौके पर भेजा और प्रभावित परिवारों से हर संभव मदद का आश्वासन दिया।
बरमी पुर डैम आए थे पर्यटक
बरगी डैम जबलपुर का प्रमुख पर्यटन स्थल है, जहां पर्यटक नर्मदा की सुंदरता का आनंद लेने आते हैं। यह हादसा पर्यटन विभाग की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर रहा है। पहले भी इस क्षेत्र में छोटी-मोटी घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन इतना बड़ा हादसा पहली बार हुआ है।
लापता लोगों की तलाश जारी
प्रशासन ने लापता व्यक्तियों की तलाश तेज कर दी है। स्थानीय लोग और बचाव दल निरंतर प्रयास कर रहे हैं। इस त्रासदी ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। परिवारों में मातम पसरा हुआ है, जबकि बच गए लोग सदमे में हैं।