Assam Elections 2026: गोगामुख(असम): नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को असम में आयोजित अपनी चुनावी रैलियों में कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कहा कि यदि विपक्षी पार्टी सत्ता में आई तो वह घुसपैठियों की सुरक्षा के लिए नया कानून लाएगी। उन्होंने कहा कि भाजपा और उसके सहयोगी इसे किसी भी हाल में होने नहीं देंगे। प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का उद्देश्य “बहुसंख्यक समुदाय को अल्पसंख्यक में बदलना और घुसपैठियों का स्थायी वोट बैंक बनाना” है।
पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस नेता खुले तौर पर घुसपैठियों का समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस देश को बांटने का काम कर रही है, जैसा विभाजन के समय मुस्लिम लीग ने किया था।कांग्रेस ने बाबा साहेब आंबेडकर द्वारा तैयार किए गए संविधान को भी चोट पहुंचाई है और पार्टी के लिए दो परिवार सबसे महत्वपूर्ण हैं एक दिल्ली में और दूसरा असम में। उनका इशारा गांधी परिवार और कांग्रेस की असम इकाई के अध्यक्ष गौरव गोगोई के परिवार की ओर था।
विकास, बुनियादी ढांचा और पुल निर्माण पर जोर
प्रधानमंत्री ने बेहाली में आयोजित दूसरी रैली में कहा कि कांग्रेस ने असम के संसाधनों के साथ न्याय नहीं किया, जबकि भाजपा राज्य की विविध संपदा का इस्तेमाल उसके विकास के लिए कर रही है। उन्होंने कांग्रेस को “विकास-विरोधी” और “भ्रष्टाचार की जननी” बताते हुए कहा कि पार्टी ने असम की ‘आत्मा’, ‘पहचान’ और ‘सुरक्षा’ के साथ समझौता किया। मोदी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस घुसपैठियों को राज्य के विभिन्न जिलों में बसाने के लिए सत्रों, नामघरों और मंदिरों की जमीनों पर उकसा रही थी ताकि वोट बैंक तैयार हो सके। उन्होंने कहा कि भाजपा ने इस दिशा में कड़ी कार्रवाई की और अवैध कब्जा मुक्त कराया।
पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस के शासन में वन भूमि और अभयारण्यों पर अतिक्रमण हुआ और असम के दुर्लभ वन्य जीव जैसे एक सींग वाले गैंडे का अस्तित्व खतरे में पड़ा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार ने दस वर्षों में कई पुल बनाए, जिससे ब्रह्मपुत्र नदी के दोनों तटों के लोगों की जीवन सुविधा में सुधार हुआ, जबकि कांग्रेस ने पिछले 60 सालों में केवल तीन पुल बनाए।
चाय बागान मजदूरों के अधिकार और भूमि वितरण
प्रधानमंत्री ने चाय बागान मजदूरों के अधिकारों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि भाजपा ने पिछले 10 वर्षों में 22 लाख गरीब परिवारों को पक्के मकान दिए और अब 15 लाख और परिवारों को घर देने की योजना है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने चाय बागान के श्रमिकों को भूमि अधिकार देना शुरू कर दिया, जो कांग्रेस दशकों तक नहीं दे पाई। मोदी ने अपने व्यक्तिगत अनुभव का उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी जिंदगी चाय से जुड़ी है और उन्होंने चाय के पौधों से पत्तियां तोड़ने की कला भी सीखी है।
समान नागरिक संहिता (यूसीसी) और जनजातीय सुरक्षा
प्रधानमंत्री ने कहा कि यदि भाजपा फिर से सत्ता में आई तो राज्य की पहचान की रक्षा के लिए समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू की जाएगी और छठी अनुसूची के तहत जनजातीय समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के 10 साल के शासन ने असम में ‘सेवा’ और ‘सुशासन’ का नया दौर शुरू किया है।
आर्थिक और तकनीकी विकास का वादा
प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा के शासन में राज्य में बुनियादी ढांचा और आधुनिक तकनीकी परियोजनाओं में तेजी आई है। उन्होंने सुबनसिरी पनबिजली परियोजना का उदाहरण देते हुए कहा कि यह असम को बाढ़ से बचाएगी। मोदी ने कहा कि राज्य अब केवल चाय के लिए नहीं, बल्कि सेमीकंडक्टर चिप उत्पादन जैसी आधुनिक इकाइयों के लिए भी जाना जाएगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा “ध्रुवीकरण में नहीं, बल्कि सबका साथ, सबका विकास में विश्वास रखती है” और लोगों से विकास और विरासत के लिए मतदान करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा असम चुनाव में ‘हैट्रिक’ लगाएगी, जबकि कांग्रेस हार का शतक खाएगी। असम की 126 विधानसभा सीटों के लिए मतदान 9 अप्रैल को और मतगणना 4 मई को होगी।