भागलपुर: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को अपनी ‘समृद्धि यात्रा’ के दौरान भागलपुर जिले के जगदीशपुर स्थित बैजानी पंचायत में 171 करोड़ रुपये की लागत से 88 विभिन्न विकास योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, जल संसाधन मंत्री विजय चौधरी, उद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल, जिले के विधायक, जदयू के जिलाध्यक्ष विवेकानंद गुप्ता और अन्य पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित थे।
विकास परियोजनाओं का निरीक्षण
मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) के अनुसार, कुमार ने भागलपुर-बौंसी रेल लाइन पर निर्माणाधीन रेल ओवरब्रिज का निरीक्षण किया और अधिकारियों से परियोजना की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने काम की धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए इसे शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।
विपक्ष पर हमला
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जनसभा को संबोधित करते हुए अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं और विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि वर्ष 2005 से पहले राज्य में ‘जंगलराज’ था, जब लोग शाम के बाद घर से निकलने में डरते थे और महिलाएं असुरक्षित महसूस करती थीं। कुमार ने दावा किया कि उनकी सरकार ने कानून-व्यवस्था में सुधार किया और राज्य में सांप्रदायिक सद्भाव स्थापित किया।
बुनियादी ढांचे और ग्रामीण विकास
कुमार ने कहा कि राज्य के गांवों को सड़कों और पुलों के माध्यम से शहरों से जोड़ा गया है, जिससे आवागमन में सुधार हुआ है। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक बिहार के हर गांव में बिजली पहुंचाई जा चुकी है और सरकार छतों पर मुफ्त सौर पैनल लगाने की योजना चला रही है।
रोजगार और युवाओं के लिए योजनाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने अब तक 50 लाख युवाओं को नौकरी और रोजगार उपलब्ध कराया है, और आगामी पांच वर्षों में एक करोड़ युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की और विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य के संयुक्त प्रयासों से कृषि, स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में विकास और तेज होगा।