अयोध्या: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने अयोध्या जिले में राष्ट्रपति के प्रस्तावित दौरे को लेकर बृहस्पतिवार को समीक्षा बैठक की और संबंधित अधिकारियों को सभी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने राष्ट्रपति के 19 मार्च को अयोध्या आगमन से पहले प्रस्तावित कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि सभी तैयारियां समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं और सुरक्षा, साफ-सफाई तथा आगंतुकों के प्रवास की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
राष्ट्रपति मुर्मू के स्वागत की तैयारियां तेज
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि राष्ट्रपति के आगमन मार्ग पर हर 500 मीटर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएं और इन स्थलों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि अयोध्या हवाई अड्डे पर राष्ट्रपति का स्वागत करने के लिए स्कूली बच्चे तिरंगा लेकर उपस्थित रहें। मंच पर उपस्थित लोगों की सूची पहले से तैयार की जाए और पूज्य संतों के आगमन व ठहरने की सभी व्यवस्थाएं सुव्यवस्थित हों।
समुदाय और समाज के प्रतिष्ठित लोग
मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यक्रम में वाल्मीकि मंदिर, सिख और जैन समुदाय के संत व महंत भी आमंत्रित किए जाएं तथा समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों को भी बुलाया जाए।
सुरक्षा और यातायात व्यवस्था
उन्होंने रेलवे स्टेशन, हवाई अड्डे, बस अड्डे और टैक्सी स्टैंड पर सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ रखने, वाहनों की पार्किंग सुनिश्चित करने और आने वाले व्यक्तियों का सत्यापन करने के निर्देश दिए। जांच एजेंसियों को सक्रिय रखते हुए एंटी-ड्रोन नियंत्रण कक्ष को अलर्ट रखने पर भी जोर दिया गया।
रामनवमी पर्व की तैयारियां
मुख्यमंत्री योगी ने रामनवमी पर्व की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि श्रद्धालुओं के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। मंदिर परिसर में बिना जांच किसी को प्रवेश न देने और प्रमुख मार्गों पर शराब व मांस की बिक्री प्रतिबंधित रखने के निर्देश दिए गए। उन्होंने लता मंगेशकर चौक से हनुमानगढ़ी तक गोल्फ कार्ट संचालित करने के निर्देश भी दिए ताकि श्रद्धालुओं को लंबी पैदल यात्रा न करनी पड़े। बैठक में परिक्रमा मार्ग और मंदिर संग्रहालय के निर्माण की प्रगति की जानकारी दी गई, और जनप्रतिनिधियों एवं न्यास के पदाधिकारियों ने अपने सुझाव मुख्यमंत्री के समक्ष प्रस्तुत किए।