New Delhi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज 13 फरवरी को दिल्ली में नए प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) कॉम्प्लेक्स ‘सेवा तीर्थ’ का भव्य उद्घाटन किया। यह ऐतिहासिक क्षण है, क्योंकि आज से PMO दक्षिण ब्लॉक से शिफ्ट होकर कर्तव्य पथ पर बने इस आधुनिक परिसर में आ गया है। ‘सेवा तीर्थ’ में प्रधानमंत्री कार्यालय के अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय (NSCS) और कैबिनेट सचिवालय भी एक ही छत के नीचे संचालित होंगे।
यह परिसर सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना का हिस्सा है, जो औपनिवेशिक काल के प्रतीकों से हटकर आधुनिक, कुशल और नागरिक-केंद्रित शासन व्यवस्था का प्रतीक है। भवन की दीवार पर देवनागरी लिपि में ‘सेवा तीर्थ’ लिखा है, और नीचे आदर्श वाक्य “नागरिक देवो भव” (नागरिक ही भगवान के समान है) अंकित है। उद्घाटन के दौरान पीएम मोदी ने प्लाक अनावरण किया, जहां उन्होंने गणेश पूजा की और पहले दिन ही कई महत्वपूर्ण फाइलों पर हस्ताक्षर किए।
नए PMO में पहले दिन हुए ये फ़ैसले
पहले फैसलों में लाखपति दीदियों का लक्ष्य 3 करोड़ से बढ़ाकर 6 करोड़ करना, कृषि अवसंरचना कोष को दोगुना कर 2 लाख करोड़ रुपये करना, RAHAT योजना की शुरुआत और युवाओं-किसानों-महिलाओं से जुड़ी कल्याणकारी पहलें शामिल हैं। ये कदम सेवा की भावना को मजबूत करते हैं, जो मोदी सरकार की प्राथमिकता रही है।
“सेवा से सशक्त भारत”
उद्घाटन नए दिल्ली के 95वें स्थापना दिवस पर हुआ, जो प्रतीकात्मक रूप से महत्वपूर्ण है। यह शिफ्ट प्रशासनिक दक्षता बढ़ाएगा, समन्वय सुगम बनाएगा और भारत की आधुनिक छवि को मजबूत करेगा। पीएम मोदी ने कहा कि यह बदलाव “सेवा से सशक्त भारत” की दिशा में बड़ा कदम है।