500 new electric buses Delhi: (नई दिल्ली): राजधानी दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण-मित्र बनाने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आज 500 नई इलेक्ट्रिक बसों का उद्घाटन किया। यह दिल्ली के इतिहास में पहली बार है जब इतनी बड़ी संख्या में बसों को एक साथ परिवहन व्यवस्था में शामिल किया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया। वीरेंद्र सचदेवा, कैबिनेट सहयोगी प्रवेश सिंह, आशीष सूद, पंकज सिंह, रविंद्र इंद्राज और कपिल मिश्रा सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने बीते एक वर्ष में लगातार डीटीसी के बेड़े में नई इलेक्ट्रिक बसें जोड़ी हैं। नई बसों के जुड़ने के बाद राजधानी में इलेक्ट्रिक बसों की कुल संख्या 4000 से अधिक हो गई है। उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य है कि वर्ष 2028 तक अपने कुल बस बेड़े को बढ़ाकर 14,000 करने की है। उन्होंने कहा, “ये सभी इलेक्ट्रिक बसें वातानुकूलित हैं और इनमें पैनिक बटन सहित कई आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे यात्रियों को सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलेगा। डीटीसी की सभी बसें पूरी तरह इलेक्ट्रिक (EV) हों।
पर्यावरण और यातायात के लाभ
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि नई बसों के शामिल होने से दिल्ली की यातायात व्यवस्था मजबूत होगी और यह स्वच्छ हवा, पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा। उन्होंने यह भी बताया कि यह पहल दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन को जन-जन की पहली पसंद बनाने की दिशा में महत्त्वपूर्ण है।
दिल्ली-पानीपत इलेक्ट्रिक अंतरराज्यीय सेवा
मुख्यमंत्री रेखा ने दिल्ली और पानीपत के बीच नई इलेक्ट्रिक अंतरराज्यीय बस सेवा का भी शुभारंभ किया। इस सेवा से दोनों राज्यों के हजारों यात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार लगातार डीटीसी के बेड़े को इलेक्ट्रिक बसों से सुसज्जित करने और सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक, टिकाऊ और सुलभ बनाने के प्रयास कर रही है। उन्होंने यह भी बताया कि इन पहलों से दिल्लीवासियों को बेहतर यातायात सुविधा और पर्यावरणीय लाभ मिलेगा।
उन्होंने यह भी बताया कि दिल्ली सरकार परिवहन क्षेत्र में कनेक्टिविटी बढ़ाने पर काम कर रही है। सरकार ने हाल ही में ‘भारत टैक्सी’ के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। जल्द ही नई इलेक्ट्रिक वाहन नीति और ई-रिक्शा नीति भी लागू की जाएगी।