Chandigarh rain update: (चंडीगढ़)पंजाब, हरियाणा और उनकी संयुक्त राजधानी चंडीगढ़ में बीते 24 घंटों में जोरदार बारिश दर्ज की गई है। इस बारिश ने जहां लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं कुछ क्षेत्रों में जनजीवन प्रभावित भी हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार, आगामी दिनों में भी बारिश जारी रहने की संभावना है और कई जिलों में भारी वर्षा को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
चंडीगढ़ में रिकॉर्ड बारिश
चंडीगढ़ में बीते 24 घंटे में 119.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो इस मौसम की अब तक की सबसे ज्यादा बारिश में से एक है। सुबह-सुबह तेज बारिश के चलते शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे दफ्तर और स्कूल जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
पंजाब के कई जिलों में तेज वर्षा
पंजाब के फिरोजपुर, मोहाली, लुधियाना, पटियाला, पठानकोट और रूपनगर जैसे जिलों में लगातार बारिश हुई। लुधियाना और पटियाला जैसे औद्योगिक शहरों में भी जलभराव और ट्रैफिक जाम जैसी स्थिति देखने को मिली। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह बारिश खरीफ फसलों के लिए फायदेमंद हो सकती है, हालांकि जलभराव से कुछ फसलों को नुकसान भी संभव है।
हरियाणा में मौसम ने ली करवट
हरियाणा के अंबाला जिले में 91 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि गुरुग्राम, रोहतक, कैथल, नूंह और पंचकूला में भी अच्छी वर्षा दर्ज की गई है। बारिश के चलते कई स्थानों पर तापमान में 3-5 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आई है, जिससे लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिली है।
आने वाले दिनों में भी बारिश का अनुमान
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 30 जून और 1 जुलाई को पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में अधिकतर स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। इसके साथ ही कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ भारी वर्षा हो सकती है। विभाग ने यह भी कहा है कि पंजाब और हरियाणा के उत्तरी और पूर्वी जिलों में कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा हो सकती है।
अलर्ट मोड पर प्रशासन
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के आधार पर यमुनानगर, अंबाला, करनाल, पानीपत, सोनीपत, कुरुक्षेत्र, कैथल, पटियाला और संगरूर जैसे जिलों में प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। स्थानीय प्रशासन ने जलभराव, पेड़ गिरने और अन्य आपात स्थितियों से निपटने के लिए नगर निगम और आपदा प्रबंधन टीमों को तैनात कर दिया है।
मौसम विभाग ने लोगों से की अपील
प्रशासन और मौसम विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे अत्यधिक वर्षा की आशंका को देखते हुए सावधानी बरतें, अनावश्यक यात्रा से बचें और किसी भी आपात स्थिति में हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करें।