Ahmedabad plane crash: गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में हुए भीषण विमान दुर्घटना में अब तक 31 मृतकों की पहचान डीएनए परीक्षण के जरिए कर ली गई है। अधिकारियों ने रविवार को बताया कि 12 परिवारों ने अपने रिश्तेदारों के शवों की पुष्टि की है। यह हादसा तब हुआ जब लंदन जा रहे विमान में सवार कुल 242 यात्री और चालक दल के सदस्यों में से 241 लोगों की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी भी शामिल थे, जिनकी पहचान के लिए डीएनए मिलान की प्रक्रिया जारी है।
यह विमान हादसा शनिवार को अहमदाबाद के नजदीक हुआ। विमान में कुल 242 लोग सवार थे, जिनमें यात्रियों के साथ चालक दल के सदस्य भी शामिल थे। हादसे के बाद केवल एक यात्री चमत्कारिक रूप से बच पाया है, जिसे अस्पताल में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। चिकित्सकों के अनुसार, उसकी हालत फिलहाल स्थिर है, लेकिन वह गहन चिकित्सा और निगरानी में है। अधिकारियों ने बताया कि बचा हुआ यात्री हादसे के कारणों की जांच में अहम गवाह साबित हो सकता है।
डीएनए से हुई 31 शवों की पहचान
सरकारी बी जे मेडिकल कॉलेज, अहमदाबाद के सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉक्टर रजनीश पटेल ने बताया कि शवों की पहचान के लिए डीएनए परीक्षण की प्रक्रिया तेजी से जारी है। अब तक 31 मृतकों की पहचान डीएनए मिलान से हो चुकी है। उन्होंने बताया कि कुल 12 परिवारों ने अपने मृतकों के शवों की आधिकारिक पुष्टि की है। अधिकारी इस प्रक्रिया को जल्द पूरा करने के लिए 230 टीमों का सहयोग कर रहे हैं, जो पूरे देश में पीड़ित परिवारों से संपर्क कर डीएनए सैंपल ले रही हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी की पुष्टि
इस दर्दनाक हादसे में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी भी इस विमान में सवार थे। अभी तक उनकी मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है, क्योंकि उनके डीएनए मिलान की प्रक्रिया चल रही है। अधिकारी उम्मीद कर रहे हैं कि शीघ्र ही उनकी पहचान हो जाएगी और परिवार को सूचित किया जाएगा। विजय रूपाणी के निधन की खबर से पूरे गुजरात में शोक की लहर फैल गई है।
सहयोग के लिए बनीं 230 टीमें
अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना के बाद पीड़ित परिवारों से संपर्क करने और उनके सहयोग के लिए 230 टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें डीएनए सैंपल इकट्ठा करने, शवों की पहचान कराने और मृतकों के परिजनों को सहायता देने में जुटी हैं। यह प्रक्रिया हादसे के शोक को कम करने और प्रभावित परिवारों को न्यायोचित सहायता देने के लिए आवश्यक है।
केंद्र सरकार ने की राष्ट्रीय शोक की घोषणा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस विमान दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय शोक की घोषणा करते हुए हादसे की उच्च स्तरीय जांच का आदेश दिया है। विमानन मंत्रालय ने प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। दुर्घटना स्थल से प्राप्त ब्लैक बॉक्स को विशेषज्ञों को भेजा गया है ताकि विमान हादसे के कारणों का पता लगाया जा सके।
प्रशासन की ओर से सहायता का आश्वासन
अहमदाबाद प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया है। अस्पतालों में भर्ती घायल यात्री के इलाज के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है। सरकार ने प्रभावित परिवारों के लिए सहायता राशि देने और पुनर्वास के उपाय करने की भी बात कही है।
पूरे देश में शोक और चिंता का माहौल
यह हादसा भारतीय विमानन इतिहास की सबसे दुखद घटनाओं में से एक बन गया है। पूरे देश में इस त्रासदी को लेकर शोक और चिंता का माहौल है। अधिकारी घटनास्थल पर कार्यरत हैं और पूरी कोशिश कर रहे हैं कि परिवारों को सही समय पर पूरी जानकारी और सहयोग मिल सके।