Bihar Cabinet Expansion: बिहार में साल के आखिरी में विधानसभा चुनाव होने हैं। इससे पहले बिहार सरकार के कैबिनेट का विस्तार हो गया। सात नए विधायकों को कैबिनेट में शामिल किया गया। राज्यपाल ने विधायकों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। जीवेश मिश्रा, संजय सरावगी, सुनील कुमार, राजू सिंह, मोतिलाल प्रसाद, कृष्ण कुमार मंटू और विजय कुमार मंडल को कैबिनेट में शामिल किया गया।
बता दें कि, आज सुबह ही नीतीश कैबिनेट में मंत्री और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जयसवाल ने मंत्री पद से इस्तीफा दिया था। ये सभी कैबिनेट मंत्री बीजेपी कोटे से बनाए गए हैं। साल के अंत तक बिहार में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। उससे पहले कैबिनेट का विस्तार किया गया है। अब बिहार में कुल मंत्रियों की संख्या 36 हो गई है।
इससे पहले पीएम नरेन्द्र मोदी बिहार के भागलपुर पहुंचे थे और एक रैली को संबोधित किया था। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ मंच भी साझा किया था। नीतीश कैबिनेट में राजपूत, भूमिहार, कुर्मी, केवट, कुशवाहा, तेली और मारवाड़ी समाज से आने वाले विधायक को जगह दी गई है। मंत्री बनाए गए विधायकों में कुर्मा जाति के कृष्ण कुमार मंटू, केवट जाति के विजय मंडल, राजपूत जाति के राजू सिंह, भूमिहार जाति के जीवेश मिश्रा, कुशवाहा जाति के सुनिल कुमार, तेली जाति के मोतीलाल प्रसाद और मारवाड़ी समाज के संजय सारावगी शामिल हैं। इससे साफ जाहिर है कि कैबिनेट में हर जाति के नेताओं को ध्यान में रखा गया है।
एनडीए का गढ़ है मिथिलांचल
बता दें कि, बिहार में कुल 243 विधानसभा सीटें हैं। एनडीए के पास 131 सीटें हैं। इनमें से 40 सीटें मिथिलांचल से हैं। इसलिए मिथिलांचल को एनडीए का गढ़ कहा जाता है। मिथिलांचल के 6 जिलों (सीतामढ़ी, शिवहर, मधुबनी, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, वैशाली) में 60 सीटें आती हैं। साल 2020 के विधानसभा चुनाव में यहां से एनडीए को 40 सीटें मिली थीं। आगामी चुनाव को देखते हुए यहां से 6 विधायक बनाए गए हैं। मंत्री बने एक विधायक बिहार शरीफ (दक्षिण बिहार) से हैं।