Loksabha Chunav PM Narendra Modi: देश में लोकसभा चुनाव की रणभेरी बज चुकी है। देश के कोने-कोने में सियासी झंडे लहरा रहे हैं और सियासी दल चुनावी बिसात बिछाने में जुटे हुए हैं। पक्ष और विपक्ष धुआंधार चुनाव प्रचार करने के लिए ताबड़तोड़ रैलियां कर रहे हैं। रविवार को मुंबई में विपक्षी गठबंधन आईएनडीआई ने रैली की थी वहीं, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 120 घंटे के दक्षिण अभियान पर हैं।
एनडीए को सच में 400 पार सीटें लाने के लिए साउथ की 129 सीटों को साधना जरूरी है। इसमें तमिलनाडु, केरल और आंध्र प्रदेश शामिल है। बीजेपी की कोशिश है कि इन राज्यों में सीटों को बढ़ाया जाए, जिससे बीजेपी का 400 पार मिशन सफल हो सके। इस बार बीजेपी को इन राज्यों में खाता खुलने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री मोदी ने 77 दिनों में से 23 दिन दक्षिण राज्यों में बिताए हैं।
आंकड़ों पर नजर डालिए, दक्षिण में 129 लोकसभा सीटें हैं और आम चुनाव 2019 में बीजेपी ने 29 सीटों पर जीत हासिल की थी और विपक्ष को 100 सीटें मिली थी। कर्नाटक में बीजेपी ने शानदार प्रदर्शन किया था और 28 में से 25 सीटों पर विजय पताका फहराई थी। तेलंगाना में 17 में से 4 सीटें आई थी। आंध्र प्रदेश, केरल और तमिलनाडु में बिना किसी सीट के संतोष करना पड़ा था।
रविवार से शुरू हुआ ‘दक्षिण मिशन’
लेकिन, इस बार बीजेपी इन राज्यों पर नजर बनाए हुए हैं और प्रधानमंत्री 120 घंटे के दक्षिण अभियान पर है। शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने अपने इस अभियान को अमलीजामा पहनाया था। इसके बाद पहली रैली आंध्र प्रदेश के पलनाडु में रविवार को की थी। दूसरी रैली तेलंगाना के जगतियाल में आज सोमवार को आयोजित की थी। इस दौरान पीएम मोदी ने राहुल गांधी को शक्ति वाले बयान को लेकर जमकर निशाने पर लिया था।
तीन राज्यों में खाता खुलने की उम्मीद
वहीं, कुछ देर पहले उन्होंने कर्नाटक के शिवमोगा में रैली की और चौथा कार्यक्रम तमिलनाडु का कोयंबटूर का है जहां वो आज शाम रोड शो करने वाले हैं। मंगलवार को केरल के पलक्कड़ में रोड शो करेंगे। रोड शो के बाद छठी रैली तमिलनाडु के सेलम में होगी। इन धुआंधार रैलियों से समझा जा सकता है कि वो दक्षिण में बीजेपी को जीत दिलाने के लिए कितनी ताकत झोंक रहे हैं। इस बार कयास लगाए जा रहे हैं कि केरल, तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में बीजेपी इस बार खाता खोलने जा रही है और अपने 400 पार के मिशन के सपने को साकार करेगी।