मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर से एक दर्दनाक खबर सामने आ रही है जहां एक घर में लगी आग की चपेट में 4 बहनें जलकर खाक हो गई। एक बच्ची अपने मां को तो बचा ली लेकिन अपनी बहनों को बचाते-बचाते खुद भी आग के मुंह में चली गई। इस हादसे के बाद गांव में कोहराम मच गया। वहीं, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। हालांकि एक बच्ची किस्मत से बच गई क्यों कि वह अपनीनानीघर महुआ (वैशाली) गई हुई थी।
12 साल की बच्ची ने अपनी मां को बचाया
दरअसल ये घटना मुजफ्फरपुर के सदर थाना क्षेत्र मेंरामदयालु स्टेशन केपासकी है। ये हादसा तब हुआ जब एक ही परिवार के 16 लोग सोमवार रात 10 बजे के बाद एक घर केतीन कमरों सोए हुए थे।जानकारी के मुताबिक, पहले एककच्चे मकान में आग लगीऔर फिर देखते ही देखते तीनों कमरे धू-धू कर जलने लगे।जब तक लोग कुछ समझ पाते तब तक आग भयंकर रूप ले लिया था। 16 सदस्यों में 11 लोग आग में फंस गए थे जिसमें 12 साल की बच्ची ने अपनी मां फूलो देवी को आग से बचाते हुएनिकाल लिया।
बहनों को बचाने में गई बच्ची की जान
भयंकर आग के बीच में 12 साल की सोनीमां को निकालने के बाद अंदर सो रही हुई अपनी बहनों 10 साल की अमृता, 8 साल की कविता और 5 साल की शिवानीको बचाने अंदर गई। लेकिन उसे ये नहीं पता था कि अपनी बहनों को बचाने में उसकी भी जान चली जाएगी। जैसे ही सोनी अंदर गई वैसे ही आग लगने के कारण छज्जा गिरगया जिससे बाहर निकलने का रास्ता बंद हो गया। रास्ता बंद होने के कारण चारों बहनेंअंदर फंस गईऔर आग ने उन्हें जिंदा निगल लिया।
एक ही पिता के थे चारों संतान
इस हादसे में आधा दर्जन लोग बुरी तरह झुलचुकेहैं। इन्हें इलाज के लिए श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SKMCH) भेजा गया है।बता दें कि सोनी, अमृता, कविता और शिवानी चारों एक ही पिता की संतान थी। इनके पिता दिल्ली में रहकर मजदूरी करते हैं, जो इस घटना को सुनकर रोत-बिलखते बिहार के लिए निकल पड़े हैं। वहीं, मौके पर फायर ब्रिगेड की छह टीमें पहुंच चुकी है।