कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का व्यवहार घबराहट का संकेत है। साथ ही गांधी ने उन पर असफल अर्थव्यवस्था का संचालन करने तथा चुनावी वादों को पूरा नहीं करने को लेकर हमला बोला।
एक साक्षात्कार में राहुल गांधी ने कहा कि
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री से ज्यादा प्रचार मंत्री हैं और अपने घमंड के कारण छटपटा रहे हैं।
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लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद उनके प्रधानमंत्री बनने की संभावना पर गांधी ने कहा, इस मुद्दे पर टिप्पणी करना मेरे लिए अहंकार की बात होगी। उन्होंने कहा कि जनता सर्वोपरि है और वही फैसला करेगी।
प्रधानमंत्री पर पीएमओ के जरिए मीडिया में एक खास तरह के विमर्श को बल देने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री असल मुद्दों से मुंह नहीं मोड़ सकते ।
प्रधानमंत्री पर 2014के चुनावी वादों को पूरा नहीं करने और विफल अर्थव्यवस्था का संचालन करने को लेकर हमला बोलते हुए गांधी ने आरोप लगाया,
मोदी का अहंकार और सत्ता की उनकी भूख, स्वयं का बखान करने की उनकी सनक और वह भी ऐसी सनक जिसमें झूठ भरा हो और उनकी गलतफहमी कि उनके पास भारत की हर समस्या का समाधान है और इसलिए उन्हें किसी दूसरे से सलाह-मश्विरे की जरूरत नहीं है, इन्हीं वजहों से वह लड़खड़ा रहे हैं।
उनसे पूछा गया था कि लोकसभा चुनाव शुरू होने से पहले प्रधानमंत्री को उनका अंतिम संदेश क्या होगा।