राज्यसभा में शिरोमणि अकाली दल के नरेश गुजराल ने दिल्ली हिंसा पर गरजे। उन्होंने कहा कि 23 फरवरी दिल्ली के इतिहास का एक काला दिन था। सांप्रदायिक आग ने शहर को दहला दिया, सशस्त्र गुंडों ने निर्दोष हिंदुओं और मुसलमानों पर हमला किया। हालांकि, पुलिस की प्रतिक्रिया अपर्याप्त थी। इसने मुझे 1984 की याद दिला दी जब 3दिनों तक कांग्रेस नेताओं के नेतृत्व में हिंसा का एक तांडव जारी था। लगभग 300 निर्दोष लोगों को दिल्ली की सड़कों पर नरसंहार किया गया था। केवल निष्पक्ष और पारदर्शी जांच आयोग ही सच्चाई का खुलासा कर सकता है।
ANI (@ANI) March 12, 2020
बता दे कि 23 फरवरी को दिल्ली में हिंसक प्रदर्शन हुआ था। दरअसल उत्तर पूर्वी दिल्ली में सीएए, एनआरसी और एनपीआर को लेकर जबरदस्त हिंसक प्रदर्शन हुआ था जिसमे कई लोगों की मौत हो गई थी। मरने वालों में पुलिस वाले भी शामिल थे। वहीँ 200 के आसपास घायल लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहीँ अस्पताल में भर्ती लोगों में से 50 फीसदी से ज्यादा लोग गोली लगने की वजह से घायल हुए थे।