नई दिल्ली: राजधानी में लगातार बढ़ते तापमान और लू के खतरे को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सतर्कता बढ़ा दी है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को सभी संबंधित विभागों के साथ समीक्षा बैठक कर हालात का जायज़ा लिया और जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि सरकार लू से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और लोगों को राहत देने के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।
श्रमिकों के काम के समय में बदलाव
भीषण गर्मी को ध्यान में रखते हुए श्रम विभाग को निर्देश दिया गया है कि मजदूरों से दोपहर 1 बजे से शाम 4 बजे के बीच काम न कराया जाए। यह कदम खासतौर पर निर्माण स्थलों और खुले में काम करने वाले श्रमिकों की सुरक्षा के लिए उठाया गया है।
स्कूलों में बच्चों के लिए विशेष व्यवस्था
शिक्षा विभाग को निर्देश दिया गया है कि सभी स्कूलों में ओआरएस घोल उपलब्ध कराया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्कूल की छुट्टी के बाद घर जाने से पहले हर बच्चे को ओआरएस दिया जाएगा, ताकि गर्मी और डिहाइड्रेशन से बचाव हो सके, खासकर उन बच्चों के लिए जो पैदल घर जाते हैं।
डीटीसी बसों में पानी की सुविधा
परिवहन विभाग को सभी डीटीसी बसों में ‘कूल बॉक्स’ के जरिए ठंडा पीने का पानी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। इससे रोजाना यात्रा करने वाले यात्रियों को गर्मी में राहत मिलेगी।
बिजली और पानी की निर्बाध आपूर्ति
मुख्यमंत्री ने बिजली और जल विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राजधानी में किसी भी हाल में बिजली और पानी की सप्लाई बाधित न हो। उन्होंने कहा कि गर्मी के इस मौसम में इन सेवाओं का सुचारु रहना बेहद जरूरी है।
हर विभाग को दिए गए निर्देश
सरकार ने स्वास्थ्य, आपदा प्रबंधन और अन्य संबंधित विभागों को भी अलर्ट रहने के लिए कहा है। मुख्यमंत्री ने दोहराया कि लू की स्थिति से निपटने के लिए समन्वित प्रयास किए जा रहे हैं ताकि लोगों को कम से कम परेशानी हो।