Prayagraj Swaminarayan Temple: प्रयागराज में शुक्रवार देर रात भारी बारिश के बीच स्वामीनारायण मंदिर की इमारत का बड़ा हिस्सा अचानक ढह गया। मंदिर के सामने की ओर का हिस्सा तेज धमाके के साथ जमीन पर गिरा। घटना के वक्त मंदिर परिसर में लोग सो रहे थे, लेकिन जिस हिस्से में मलबा गिरा, वहां कोई मौजूद नहीं था। ऐसे में बड़ा हादसा होने से टल गया। फिलहाल किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। अचानक इमारत गिरने की तेज आवाज से मंदिर परिसर में सो रहे लोगों की नींद खुल गई। इसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर प्रशासन और संबंधित टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थिति का जायजा लिया।
निर्माण के लिए खोदा गया था गहरा गड्ढा
जानकारी के मुताबिक, मंदिर का ढहा हुआ हिस्सा बाहर से आने वाले मेहमानों के ठहरने के लिए इस्तेमाल किया जाता था। मंदिर परिसर से सटे हिस्से में तीन मंजिला कमर्शियल-कम-रेसिडेंशियल अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स बनाने की तैयारी चल रही थी। इसके लिए मंदिर के पास काफी गहरा गड्ढा खोदा गया था।
स्थानीय लोगों के अनुसार, लगातार बारिश के कारण इस गड्ढे में पानी जमा हो रहा था। इससे मंदिर की नींव के आसपास की मिट्टी में नमी बढ़ गई थी। स्थानीय लोगों का मानना है कि इससे नींव के आसपास की जमीन कमजोर हुई और मंदिर का सामने वाला हिस्सा ढह गया। हालांकि, हादसे की वास्तविक वजह की जांच अभी की जा रही है।
मंदिर का बड़ा हिस्सा मलबे में तब्दील
चश्मदीद मोइन अली के मुताबिक, मंदिर के पीछे की ओर इमारत का कुछ हिस्सा अभी भी खड़ा है, जबकि सामने का बड़ा हिस्सा पूरी तरह गिर गया है। घटना के बाद इलाके में भी हलचल बढ़ गई और लोग मौके पर पहुंचने लगे। प्रशासन की टीमें मौके पर स्थिति का जायजा ले रही हैं। हादसे के कारणों की जांच के साथ यह भी देखा जा रहा है कि मंदिर से सटे हिस्से में चल रही निर्माण गतिविधि और गहरी खुदाई का इमारत पर कोई प्रभाव पड़ा था या नहीं। राहत की बात यह है कि रात के समय मंदिर का हिस्सा गिरने के बावजूद मलबे की चपेट में कोई व्यक्ति नहीं आया और अब तक किसी जनहानि की सूचना सामने नहीं आई है।