Purnia Fire Incident (पूर्णिया): बिहार के पूर्णिया जिले का टेटमा गांव सन्नाटे की आगोश में समा गया है। यहां पर 2 दिन पहले यानि रविवार को एक ही परिवार के 5 लोगों की जलाकर सनसनीखेज हत्या कर दी गई। घटना के वक्त 300 से ज्यादा लोगों की भीड़ मौजूद थी। बावजूद हत्यारों ने सबके सामने परिवार को आग के हवाले कर दिया। परिवार के सभी सदस्य जलते रहे और हर कोई तमाशबीन बना रहा। घटना के बाद से अब मंगलवार से गांव का हर व्यक्ति फरार है। सभी घरों में ताला लटका दिख रहा है। पुलिस अभी कई आरोपियों की तलाश में है। बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले हुई इस सनसनीखेज घटना ने राज्य की सियासत को गर्म कर दिया है।
क्यों हुई 5 लोगों की नृशंस हत्या
इन पांचों लोगों की हत्या की कड़ी कथित तौर पर जादू-टोना से जुड़ी बताई जा रही है। कहा जा रहा है कि यह परिवार लोगों पर जादू-टोना करता था। इसी संदेह में परिवार के पांचों सदस्यों की हत्या कर दी गई और उनके शव जला दिये गये। पुलिस ने बताया कि तीन महिलाओं सहित एक ही परिवार के पांच सदस्यों की हत्या के सिलसिले में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है। इस घटना को लेकर विपक्ष राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा कर रहा है।
पुलिस का क्या है कहना?
इस मामले में पूर्णिया के पुलिस उपमहानिरीक्षक प्रमोद कुमार मंडल का कहना है कि शुरुआती जांच से पता चलता है कि टेटमा गांव में एक ही परिवार के पांच सदस्यों की पहले जादू-टोना करने के शक में हत्या की गई। ऐसा लगता है कि आरोपियों ने फिर उनके शवों को झाड़ियों में जला दिया। घटना रविवार रात की है।’’ मंडल ने बताया कि जांच से यह भी पता चला है कि सीता देवी, काली, रानी देवी, बाबू लाल और मंजीत राम की हत्या के दौरान कुल 30-40 ग्रामीण वहां मौजूद थे। उन्होंने बताया कि हत्या करने के बाद वे उनके शव को ट्रैक्टर में रखकर झाड़ियों में ले गए और जला दिया।
बच्चे की मौत और काला जादू की कहानी
वहीं ग्रामीणों ने दावा किया है कि गांव में हाल ही में हुई एक बच्चे की मौत के कारण यह हत्या की गई होगी। मुफ्फसिल पुलिस थाने के एक अन्य अधिकारी ने कहा, “संदेह है कि हाल ही में गांव में काले जादू के कारण एक लड़के की मौत हुई है। उसके बाद इस घटना को संभवतः बदले के रूप में अंजाम दिया गया होगा। बता दें कि इस घटना के बाद से ही बिहार में विपक्ष ने कानून-व्यवस्था फेल होने और जंगलराज का आरोप लगाकर नितीश कुमार की सरकार को कठघरे में खड़ा कर दिया है।