नितिन उपाध्याय
Noida Weather Update:मानसूनी मौसम लगातार बिगड़ रहा है। उत्तर भारत में मानसून की सक्रियता धीमी है। कई बार आधे शहर में बरसात हो जाती है और आधा शहर सूखा रह जाता है। बुधवार को यह नजारा नोएडा में एक बार फिर से देखने को मिला है। मशहूर शायर गोपाल दास नीरज की गजल इस स्थिति पर बिल्कुल सटीक बैठती है कि, अब के सावन ये शरारत मेरे साथ हुई, मेरा घर छोड़ के कुल शहर में बरसात हुई…।
आधे में बरसात और आधे में धूप
बुधवार को दिल्ली से सटे नोएडा में आधे में बरसात हो गई और आधे नोएडा में धूप खिली रही। एक ओर जहां लोग उमसभरी गर्मी से परेशान थे तो वहीं दूसरी ओर लोग जलभराव से परेशान थे। हालांकि, बरसात के बाद पूरे नोएडा में मौसम में ठंडक देखने को मिली। लेकिन मौसम ने नोएडा में आंख मिचौली का यह खेल जमकर खेला।
नोएडा एक्सटेंशन में जमकर बारिश हुई, जबकि पुराने सेक्टरों में सूखा पड़ा रहा। सेक्टर 116 में इतनी बारिश हुई कि जलभराव हो गया और सड़कों पर करीब आधे फुट पानी भरा रहा। वहीं सेक्टर 16 में धूप खिली थी। नोएडा एक्सटेंशन में भी कई इलाके सूखे रहे।
भारी बारिश का अनुमान
हालांकि, मौसम विभाग ने पूर्वानुमान लगाया था कि अब उत्तर भारत में फिर से वैसी बारिश हो सकती है जैसी 15 दिन पहले हो रही थी। फिलहाल, बारिश का इंतजार है ताकि गर्मी और उमस से राहत मिल सके। लेकिन एक ही शहर में बारिश की यह शरारत बता रही है कि स्थानीय पर्यावरण के साथ हमने कितनी छेड़छाड़ की है। उत्तर भारत में मानसून कमजोर दिखाई दे रहा है।