मॉस्को: आज रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन के सरकारी आवास पर ड्रोन से हमला किया गया है। हमले के पीछे रूस के खुफिया विभाग ने यूक्रेन का नाम लिया है लेकिन यूक्रेन ने इसका खंडन किया है। जब यह हमला हुआ उस समय कहा जा रहा की पुतिन अपने सरकारी आवास पर मौजूद नहीं थे।
यह बोली रूस की सरकार
रूसी सरकार ने कहा कि यह अटैक 9 मई को होने वाली विक्ट्री डे परेड से पहले किया गया है, जबकि विदेशी मेहमान भी मौजूद होंगे। रूस के पास इस हमले का जवाब देने का अधिकार है। इसके लिए जगह और वक्त का चुनाव भी रूस ही करेगा। रूस की इस धमकी के बाद यूक्रेन की राजधानी कीव में एयर अटैक के अलार्म एक्टिव कर दिए गए हैं। यहां अमेरिकी पैट्रियट मिसाइल तैनात हैं। ये जर्मनी ने यूक्रेन को दी हैं।
पुतिन नहीं थे घर पर मौजूद
हमले के बाद पुतिन के स्पोक्सपर्सन दिमित्री पेस्कोव ने कहा- जिस दौरान यह हमला किया गया, उस वक्त पुतिन क्रेमलिन में मौजूद नहीं थे। हमले में ड्रोन का इस्तेमाल किया गया। फिलहाल, प्रेसिडेंट मॉस्को में अपने ऑफिशियल रेसिडेंस में मौजूद हैं और वहीं से काम कर रहे हैं। पुतिन के पर्सनल मीडिया डिपार्टमेंट यानी प्रेसिडेंट प्रेस सर्विस के बयान के मुताबिक क्रेमलिन पर मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात ड्रोन से हमले किए गए।
यूक्रेन ने किया खंडन
यूक्रेन के प्रेसिडेंट वोलोदिमिर जेलेंस्की के प्रवक्ता सर्गेई निकिफोरोव ने पुतिन पर हमले की कोशिश के बारे में कहा- हमें इस घटना के बारे में कोई जानकारी नहीं है कि क्रेमलिन पर कोई कथित हमला किया गया है। हम सिर्फ अपने देश की हिफाजत कर रहे हैं, दूसरों पर हमले का कोई इरादा नहीं है।
दो ड्रोन से हमले की कही जा रही है बात
ड्रोन अटैक की घटना के बाद रूस ने कहा- राष्ट्रपति पुतिन बिल्कुल सुरक्षित हैं और अपना काम कर रह रहे हैं। उनके वर्क शेड्यूल में कोई बदलाव नहीं किया गया है। फिलहाल, जो जानकारी सामने आ रही है, उसके मुताबिक क्रेमलिन पर हमले के लिए 2 ड्रोन का इस्तेमाल किया गया। रूस ने अपने रडार और ट्रैकिंग सिस्टम से इनका पता लगा लिया।