News By: संतोष कुमार सिंह
नयी दिल्ली: देश के सबसे पुरानी पार्टी यानी कांग्रेस में हलचल है। पार्टी के अध्यक्ष का चुनाव चल रहा है। राजनीतिक पंडितों की नजर भी लगी हुई है कि देश के सबसे पुरानी पार्टी का अध्यक्ष कौन होगा और उससे भी बड़ा सवाल क्या नये अध्यक्ष के चुनाव के साथ क्या पार्टी पर परिवार वादी पार्टी होने का दाग धुल जायेगा। भले ही नतीजे जिसके पक्ष में आये लेकिन 24 साल बाद होने वाले एक ऐसे मुकाबले जिसमें कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए नेहरू-गांधी परिवार का कोई सदस्य मैदान में नहीं है। निश्चित रूप से देश की नजर लगी हुई है, लोगों के मन में सवाल है क्या नये अध्यक्ष के चयन के बाद, नयी टीम के साथ आगे आने वाली कांग्रेस सत्तारूढ़ भाजपा से मुकाबले में ठहर पायेगी या फिर पुराने रीत नीत से ही चलेगी। ये सारे सवाल तो भविष्य के गर्त में हैं लेकिन वक्त की सच्चाई यही है कि आज कांग्रेस में अध्यक्ष का चुनाव हो रहा है।
क्या है सूरते हाल
पार्टी के सभी बड़े नेता चाहे, सोनिया गांधी हो, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह हों, राहुल गांधी हों, प्रियंका गांधी हों या पार्टी के 9300 डेलिगेट्स कांग्रेस पार्टी का अध्यक्ष चुनने के लिए देशभर में 36 मतदान केंद्र और 67 बूथों पर कतारबद्ध हैं। कांग्रेस के 137 साल के इतिहास में यह छठा मौका है जब चुनावी मुकाबला होने जा रहा है और यह मुकाबला कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और सांसद शशि थरूर के बीच है। इस मुकाबले का परिणाम 19 अक्टूबर को आयेगा।
राहुल ने भारत जोड़ो यात्रा कैंप में किया मतदान
मतदान का कार्यक्रम आज सुबह 10 बजे से 4 बजे तक चलेगा। दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी और पूर्व पीएम मनमोहन सिंह ने मतदान किया वहीं भारत जोड़ो यात्रा के लिए निकले राहुल गांधी कर्नाटक के बेल्लारी में अपने बाकी के साथियों के साथ मतदान किया। भारत जोड़ो यात्रा के कैंप में भी एक बूथ बनाया गया है जहां राहुल गांधी और करीब 40 मतदाताओं ने मतदान किया। मल्लिकार्जुन खड़गे बेंगलुरु और शशि थरूर तिरुवनंतपुरम स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में मतदान किया। मतदान के पहले शशि थरूर ने मल्लिकार्जुन खड़गे को फोन कर बधाई दी,जवाब में खड़गे ने भी थरूर को गुड लक कहा। वहीं राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी मतदान किया और इस दौरान गहलोत ने कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है। कांग्रेस में 22 साल बाद अध्यक्ष पद के लिए चुनाव हो रहे हैं। इस चुनाव ने पार्टी में आंतरिक सद्भाव का संदेश दिया।
उल्लेखनीय है कि मतदान के बाद मतपेटियों को दिल्ली लाया जाएगा जहां पार्टी मुख्यालय में 19 अक्टूबर को मतगणना होगी और नतीजे घोषित होंगे। उम्मीद की जा रही है चुनाव नतीजे के बाद कांग्रेस का नया नेतृत्व नये कलेवर में उभरेगा और सत्तारूढ़ दल भाजपा का मुकाबले की तैयारी करेगा साथ ही विपक्षी एकता को मजबूत कर 2024 की रणनीति को आगे बढ़ायेगा।