2 अक्टूबर से केंद्र सरकार सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी में है। प्लास्टिक के अंतर्गत पानी की बोतलें अत्यधिक मात्रा में बिकती हैं। एक रिसर्च के अनुसार दुनिया भर में हर मिनट लोग करीब 10 लाख प्लास्टिक की बोतल खरीदते हैं। अंदाज़ लगाना मुश्किल है कि कितने लाख पानी की बोतलें भारत में हर दिन प्रयोग की जाती हैं।
प्लास्टिक की बोतलों पर प्रतिबंध के बाद इसका विकल्प क्या होगा। इसके लिए सरकार एक नया विकल्प लाई है। इसके विकल्प के तौर पर एमएसएमई मंत्रालय के अधीन कार्यरत खादी ग्रामोद्योग आयोग ने बांस की बोतल का निर्माण किया है, जो प्लास्टिक बोतल की जगह इस्तेमाल होगी। केंद्रीय एमएसएमई मंत्री नितिन गडकरी ने बांस की इस बोतल को एक कार्यक्रम के दौरान लॉन्च कर दिया है।
इस बांस की बोतल की क्षमता कम से कम 750 एमएल की होगी और इसकी कीमत 300 रुपये से शुरू होगी। यह बोतलें पर्यावरण के अनुकूल होने के साथ-साथ टिकाऊ भी हैं। दो अक्तूबर से खादी स्टोर में इस बोतल की बिक्री की शुरुआत होगी।
कल 2 अक्टूबर है और इस दिन गांधी जयंती के अवसर पर सिंगल यूज प्लास्टिक के इस्तेमाल पर सरकार पूरी तरह से प्रतिबंध लगा रही है।