भारत को आजादी दिलाने के लिए अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ मंगल पांडे ने बिगुल फूंका। उन्होंने 1857 में भारत के पहले स्वाधीनता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
नई दिल्ली:/महान स्वतंत्रता सेनानी मंगल पांडे की आज जयंती है। उनका जन्म 19 जुलाई 1827 को उत्तर प्रदेश के बलिया के नगवा गांव में हुआ था। मंगल पांडे के पिता का नाम दिवाकर पांडेय था। मंगल पांडेय 22 साल की उम्र में बंगाल नेटिव इंफेंट्री की 34वीं बटालियन में शामिल हो गए थे।
1857 की क्रांति में निभाई अहम भूमिका
भारत को आजादी दिलाने के लिए अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ मंगल पांडे ने बिगुल फूंका। उन्हों ने 1857 में भारत के पहले स्वाधीनता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।मंगल पांडे का विद्रोह अंग्रजी हुकूमत को बिल्कुल भी रास नहीं आया। जिसकी वजह से उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। मंगल पांडे को तय तिथि से 10 दिन पहले 08 अप्रैल 1857 को फांसी दे दी गई थी। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि ब्रिटिश सरकार को इस बात का आभास हो गया था कि मंगल पांडे की फांसी से हालात बिगड़ सकते हैं।
मंगल पांडे के नाम डॉक टिकट हुआ था जारी मंगल पांडे ने भारत की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहूति दे दी। अमर सपूत के सम्मान में भारत सरकार ने 1984 में एक खास डॉक टिकट जारी किया था। बता दें मंगल पांडे के जीवन पर आधारित एक फिल्म मंगल पांडे- द राइजिंग भी बन चुकी है। इस फिल्म में आमिर खान ने मंगल पांडे की भूमिका निभाई जो2005 में रिलीज हुई थी।
सीएम योगी ने दी श्रद्धांजलि
मंगल पांडे की जयंती पर उत्तर-प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि दी। उन्होंने ट्वीट करके लिखा,माँ भारती के अमर सपूत, प्रथम स्वाधीनता संग्राम के अग्रदूत एवं महानायक, धर्म व मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना अतुल्य बलिदान देकर जन-जन के मन में स्वाधीनता की अलख जगाने वाले अमर क्रांतिवीर मंगल पांडे की जयंती पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि! माँ भारती की सेवा के लिए आपका पावन बलिदान हम सभी को युग-युगांतर तक राष्ट्र सेवा हेतु प्रेरित करता रहेगा।
माँ भारती के अमर सपूत, प्रथम स्वाधीनता संग्राम के अग्रदूत एवं महानायक, धर्म व मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना अतुल्य बलिदान देकर जन-जन के मन में स्वाधीनता की अलख जगाने वाले अमर क्रांतिवीर मंगल पांडे की जयंती पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि!