(लखनऊ): केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को उत्तर प्रदेश में ‘एक जनपद-एक व्यंजन’ (ओडीओसी) योजना की शुरुआत की। इस योजना का उद्देश्य राज्य के प्रत्येक जिले के पारंपरिक और विशिष्ट व्यंजनों को पहचान दिलाना और उन्हें राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाना है। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।
यूपी दिवस पर हुई योजना की शुरुआत
ओडीओसी योजना की शुरुआत उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर यहां राष्ट्रीय प्रेरणा स्थल पर आयोजित कार्यक्रम में की गई। यह पहल राज्य सरकार की सफल ‘एक जिला-एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना की तर्ज पर शुरू की गई है, जिसने उत्तर प्रदेश के कई क्षेत्रीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाई है।
एक अधिकारी ने बताया इस योजना के तहत हर जिले के पारंपरिक खाने-पीने की खास वस्तुओं और स्थानीय रेसिपी को बढ़ावा दिया जाएगा। इसका उद्देश्य जिलेवार खाद्य पहचान को मजबूत करना और स्थानीय स्वाद को ब्रांड के रूप में विकसित करना है।
स्थानीय उद्यमियों को होगा लाभ
उन्होंने बताया ओडीओसी योजना से पारंपरिक हलवाई, छोटे खाद्य कारोबारी, स्थानीय कारीगर और स्वयं सहायता समूहों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। इससे उनके उत्पाद बड़े बाजारों तक पहुंच सकेंगे और स्थायी आजीविका के अवसर भी पैदा होंगे।
संस्कृति, पर्यटन और रोजगार को बढ़ावा
सरकार का मानना है कि यह योजना उत्तर प्रदेश की खान-पान संस्कृति और विरासत को संरक्षित करने के साथ-साथ पर्यटन को भी प्रोत्साहित करेगी। स्थानीय व्यंजनों की पहचान से जिलों की विशिष्टता सामने आएगी और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।